नाजिराविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1991
हितेश्वर सैकिया (INC) ने 1991 के विधान सभा चुनाव में 66.7% वोट पाकर नाजिरा सीट जीती और रुहित बोरा (CPI) को 28,170 वोटों से हराया।
1978 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 104 टियोक थी। 2021 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2026 से सीट नंबर 104 डेरगांव है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — हितेश्वर सैकिया 54.4% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
10 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | हितेश्वर सैकिया | 34,53366.7% | |
| 2 | रुहित बोरा वाम दल | वाम दल | 6,36312.3% |
| 3 | बसन्त कुमार राजखोवा | 4,3668.4% | |
| 4 | तुलशी गोगोई NAGP | NAGP | 4,1438.0% |
| 5 | इंदु गोगोई निर्दलीय | निर्दलीय | 6161.2% |
| 6 | लोहित गोगोई निर्दलीय | निर्दलीय | 4160.8% |
| 7 | देबेन लहान निर्दलीय | निर्दलीय | 3940.8% |
| 8 | बुधेश्वर निर्दलीय | निर्दलीय | 3290.6% |
| 9 | ज्योति प्रकाश शर्मा निर्दलीय | निर्दलीय | 3250.6% |
| 10 | सैयदुर रहमान निर्दलीय | निर्दलीय | 2750.5% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, असल में दो दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
INC और CPI को 79% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.11 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2026 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2026 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
नाजिरा से कौन जीता, 1978–2021
1978 से यहाँ हर चुनाव INC ने जीता है: यह लगातार उसकी चौथी जीत थी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 55.9% से बढ़कर 66.7% हो गया। 1978 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे एकतरफ़ा नतीजा था। मतदान प्रतिशत 1985 के 67.4% से घटकर 64.9% रह गया। इसके बाद 1996 के चुनाव में भी INC ने यह सीट अपने पास रखी।
- 1978हितेश्वर सैकिया (INC), जीत का अंतर 17.6%
- 1983हितेश्वर सैकिया (INC), जीत का अंतर 50.1%
- 1985हितेश्वर सैकिया (INC), जीत का अंतर 18.2%
- 1991हितेश्वर सैकिया (INC), जीत का अंतर 54.4%
- 1996हेमप्रोवा सैकिया (INC), जीत का अंतर 19.0%
- 2001डॉ. हेमप्रभा सैकिया (INC), जीत का अंतर 54.8%
- 2006द्रुपद बरगोहाँई (CPI), जीत का अंतर 0.6%
- 2011देबब्रत सैकिया (INC), जीत का अंतर 40.8%
- 2016देबब्रत सैकिया (INC), जीत का अंतर 15.1%
- 2021देबब्रत सैकिया (INC), जीत का अंतर 0.6%