चापागुड़ीविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1978
माणिक चन्द्र दास (निर्दलीय) ने 1978 के विधान सभा चुनाव में 33.4% वोट पाकर चापागुड़ी सीट जीती और खोगेंद्र नाथ बोरो (PTC) को 217 वोटों से हराया।
1978 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 63 नलबाड़ी पूर्व थी। 2021 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2026 से सीट नंबर 63 होजाई है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
चापागुड़ी का फ़ैसला सिर्फ़ 0.6% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 217 से भी कम वोटों का फ़ासला था।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
8 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | माणिक चन्द्र दास निर्दलीय | निर्दलीय | 13,20933.4% |
| 2 | खोगेंद्र नाथ बोरो PTC | PTC | 12,99232.9% |
| 3 | सुरेन्द्र नाथ दास | 4,38111.1% | |
| 4 | घन कान्ता बोरो निर्दलीय | निर्दलीय | 4,16910.6% |
| 5 | धरणीधर बसुमतारी INC | INC | 1,7514.4% |
| 6 | बिमल ब्रह्म गायरी निर्दलीय | निर्दलीय | 1,5123.8% |
| 7 | चरण चन्द्र ब्रह्म निर्दलीय | निर्दलीय | 1,2283.1% |
| 8 | अजीत बसुमतारी निर्दलीय | निर्दलीय | 2790.7% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 77% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 4.04 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2026 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2026 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
चापागुड़ी से कौन जीता, 1978–2021
इसके बाद 1983 के चुनाव में यह सीट PTC ने जीती।
- 1978माणिक चन्द्र दास (IND), जीत का अंतर 0.6%
- 1983बिमल गायरी (PTC), जीत का अंतर 57.4%
- 1985सुरेन स्वरगीयारी (IND), जीत का अंतर 10.1%
- 1991सुरेन स्वरगीयारी (AGP), जीत का अंतर 1.2%
- 1996जगमोहन बसमतारी (IND), जीत का अंतर 3.3%
- 2001तिजेन बसुमतारी (IND), जीत का अंतर 62.3%
- 2006थानेश्वर बसुमतारी (IND), जीत का अंतर 20.0%
- 2011हितेश बसुमतारी (BOPF), जीत का अंतर 51.6%
- 2016थानेश्वर बसुमतारी (BOPF), जीत का अंतर 1.3%
- 2021उर्खाव गोरा ब्रह्म (UPPL), जीत का अंतर 21.0%