श्यामपुकुरविधान सभा चुनाव का परिणाम, 2006
जिबन प्रकाश साहा (AIFB) ने 2006 के विधान सभा चुनाव में 52.5% वोट पाकर श्यामपुकुर सीट जीती और शमीक भट्टाचार्य (BJP) को 10,078 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 141 बालीगंज थी। 2006 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2011 से सीट नंबर 141 मगराहाट पूर्व है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — जिबन प्रकाश साहा 20.1% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
9 उम्मीदवारनाम पर टैप करें
| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | जिबन प्रकाश साहा वाम मोर्चा | वाम मोर्चा | 26,38252.5% |
| 2 | शमीक भट्टाचार्य | 16,30432.5% | |
| 3 | पार्थ प्रतीम हजारी | 6,15612.3% | |
| 4 | सतीश चन्द्र साव निर्दलीय | निर्दलीय | 3590.7% |
| 5 | रीता मुखार्जी निर्दलीय | निर्दलीय | 3360.7% |
| 6 | रीता साहा निर्दलीय | निर्दलीय | 2520.5% |
| 7 | अमर आढ्य निर्दलीय | निर्दलीय | 1920.4% |
| 8 | दिलीप माझी निर्दलीय | निर्दलीय | 1450.3% |
| 9 | गोपाल चन्द्र पाल निर्दलीय | निर्दलीय | 980.2% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
सुरक्षित अंतर, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
AIFB, BJP और INC को 97% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.52 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2011 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2011 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
श्यामपुकुर से कौन जीता, 1977–2006
AIFB ने यह सीट FBL से छीन ली, जिसने इसे 2001 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1977 से शुरू होता है, यह AIFB की पहली जीत थी। 1977 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे एकतरफ़ा नतीजा था। मतदान प्रतिशत 2001 के 66.8% से घटकर 64.7% रह गया।
- 1977नलिनी कान्ता गूह (FBL), जीत का अंतर 11.4%
- 1982किरण चौधुरी (INC), जीत का अंतर 2.5%
- 1987किरण चौधुरी (INC), जीत का अंतर 3.0%
- 1991शांति रंजन गांगुली (FBL), जीत का अंतर 12.4%
- 1996शांति रंजन गांगुली (FBL), जीत का अंतर 4.1%
- 2001सुब्रत बोस (FBL), जीत का अंतर 5.4%
- 2006जिबन प्रकाश साहा (AIFB), जीत का अंतर 20.1%