कालियागंजविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1971
राय देबेंद्र नाथ (INC) ने 1971 के विधान सभा चुनाव में 55.5% वोट पाकर कालियागंज सीट जीती और नानी गोपाई राय (CPM) को 10,365 वोटों से हराया।
1967 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1962 में सीट नंबर 29 बालूरघाट थी। 1972 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1977 से सीट नंबर 29 ग्वालपोखर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — राय देबेंद्र नाथ 26.2% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
5 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | राय देबेंद्र नाथ कांग्रेस (आर) | कांग्रेस (आर) | 21,96855.5% |
| 2 | नानी गोपाई राय वाम दल | वाम दल | 11,60329.3% |
| 3 | सरकार अमृतलाल वाम दल | वाम दल | 3,0007.6% |
| 4 | श्यामा प्रसाद बर्मन | 1,6484.2% | |
| 5 | हेमंत कुमार राय BAC | BAC | 1,3913.5% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
INC, CPM और CPI को 92% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.49 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2011 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2011 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
कालियागंज से कौन जीता, 1967–1972
1967 से यहाँ हर चुनाव INC ने जीता है: यह लगातार उसकी तीसरी जीत थी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 54.9% से बढ़कर 55.5% हो गया। मतदान प्रतिशत 1969 के 59.1% से बढ़कर 60.4% हो गया। इसके बाद 1972 के चुनाव में भी INC ने यह सीट अपने पास रखी।