सादातविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1996
भोनू (SP) ने 1996 के विधान सभा चुनाव में 37.4% वोट पाकर सादात सीट जीती और राम बचन (BSP) को 9,138 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में सीट नंबर 235 मोहम्मदाबाद थी। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 235 मड़ियाहूं है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
6.3% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
11 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | भोनू संयुक्त मोर्चा | संयुक्त मोर्चा | 54,25937.4% |
| 2 | राम बचन | 45,12131.1% | |
| 3 | राजेन्द्र | 41,11328.3% | |
| 4 | सुरेन्द्र UPRP | UPRP | 1,0360.7% |
| 5 | सग्राम BHJS | BHJS | 9680.7% |
| 6 | भुगल | 8670.6% | |
| 7 | नेम चन्द्र सोनकर निर्दलीय | निर्दलीय | 6400.4% |
| 8 | उषा भारती निर्दलीय | निर्दलीय | 5120.3% |
| 9 | श्यामा आनन्द BSP(R) | BSP(R) | 1980.1% |
| 10 | रविन्द्र निर्दलीय | निर्दलीय | 1870.1% |
| 11 | महादेव राम SSD | SSD | 1630.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 97% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.15 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
सादात से कौन जीता, 1974–1996
SP ने 1993 में जीती यह सीट फिर से अपने पास रखी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 55.8% से घटकर 37.4% रह गया। 1974 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1993 के 49.4% से बढ़कर 55.5% हो गया।
- 1974कालीचरण (BKD), जीत का अंतर 15.8%
- 1977काली चरण (JNP), जीत का अंतर 29.3%
- 1980राम धनी (JNP(SC)), जीत का अंतर 17.9%
- 1985राम नाथ मुन्शी (INC), जीत का अंतर 6.5%
- 1989रामधनी (IND), जीत का अंतर 28.7%
- 1991गामा राम शास्त्री (JD), जीत का अंतर 8.8%
- 1993राम धनी (SP), जीत का अंतर 29.7%
- 1996भोनू (SP), जीत का अंतर 6.3%