बलियाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1996
मंजू (निर्दलीय) ने 1996 के विधान सभा चुनाव में 35.0% वोट पाकर बलिया सीट जीती और विक्रमादित्य पाण्डेय (SP) को 7,100 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में सीट नंबर 227 सियर थी। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 227 वाराणसी उत्तर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
5.3% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
11 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | मंजू निर्दलीय | निर्दलीय | 46,93735.0% |
| 2 | विक्रमादित्य पाण्डेय संयुक्त मोर्चा | संयुक्त मोर्चा | 39,83729.7% |
| 3 | काशिनाथ मिश्र | 32,85224.5% | |
| 4 | अवध बिहारी | 10,0797.5% | |
| 5 | महंत पाठक SJP(R) | SJP(R) | 1,9071.4% |
| 6 | अनूप निर्दलीय | निर्दलीय | 8460.6% |
| 7 | चन्द्र शेखर निर्दलीय | निर्दलीय | 6370.5% |
| 8 | रमजान निर्दलीय | निर्दलीय | 3490.3% |
| 9 | खंडानंद निर्दलीय | निर्दलीय | 2280.2% |
| 10 | मुनि नाथ BHJS | BHJS | 1420.1% |
| 11 | अनिल कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 1290.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 89% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.61 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
बलिया से कौन जीता, 1974–1996
एक निर्दलीय उम्मीदवार ने यह सीट BJP से छीन ली, जिसने इसे 1993 में जीता था। मतदान प्रतिशत 1993 के 45.7% से बढ़कर 48.0% हो गया।
- 1974काशी नाथ मिश्रा (INC), जीत का अंतर 27.1%
- 1977शम्भू नाथ चौधरी (JNP), जीत का अंतर 13.6%
- 1980काशी नाथ मिश्र (INC(I)), जीत का अंतर 26.2%
- 1985विक्रमादित्य पाण्डेय (JNP), जीत का अंतर 2.3%
- 1989विक्रमादित्य (JD), जीत का अंतर 21.8%
- 1991विकर्म दित्य पाण्डेय (JP), जीत का अंतर 2.2%
- 1993मार्केंण्डे सिंह (BJP), जीत का अंतर 10.4%
- 1996मंजू (IND), जीत का अंतर 5.3%