स्योहाराविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1996
वेद प्रकाश सिंह (BJP) ने 1996 के विधान सभा चुनाव में 41.8% वोट पाकर स्योहारा सीट जीती और अनवर (JD) को 13,504 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में सीट नंबर 17 काशीपुर थी। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 17 मुरादाबाद है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
7.4% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
12 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | वेद प्रकाश सिंह | 76,15341.8% | |
| 2 | अनवर संयुक्त मोर्चा | संयुक्त मोर्चा | 62,64934.4% |
| 3 | मोहम्मद अली | 38,78921.3% | |
| 4 | नजीर निर्दलीय | निर्दलीय | 1,1640.6% |
| 5 | धर्म पाल KVP | KVP | 9720.5% |
| 6 | अरविन्द निर्दलीय | निर्दलीय | 9160.5% |
| 7 | सुख लाल सिंह BHJS | BHJS | 6330.3% |
| 8 | अशोक कुमार राणा निर्दलीय | निर्दलीय | 2660.1% |
| 9 | शारदा निर्दलीय | निर्दलीय | 2440.1% |
| 10 | सुखदेव सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1340.1% |
| 11 | शिव कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 620.0% |
| 12 | अतहर परवेज़ निर्दलीय | निर्दलीय | 550.0% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
BJP, JD और BSP को 98% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.95 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
स्योहारा से कौन जीता, 1974–1996
BJP ने यहाँ लगातार तीसरी बार जीत दर्ज की; जीत का यह सिलसिला 1991 में शुरू हुआ था। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 32.7% से बढ़कर 41.8% हो गया। मतदान प्रतिशत 1993 के 67.3% से बढ़कर 72.0% हो गया।
- 1974अब्दुल वहीद (BKD), जीत का अंतर 4.0%
- 1977अब्दुल वहीद (JNP), जीत का अंतर 13.7%
- 1980शिव नाथ सिंह (INC(I)), जीत का अंतर 12.9%
- 1985शिव नाथ सिंह (INC), जीत का अंतर 2.8%
- 1989अशोक कुमार (JD), जीत का अंतर 32.9%
- 1991महाबीर सिंह (BJP), जीत का अंतर 17.2%
- 1993महावीर सिंह (BJP), जीत का अंतर 2.9%
- 1996वेद प्रकाश सिंह (BJP), जीत का अंतर 7.4%