मुरादाबाद ग्रामीणविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1993
सुरेश प्रताप सिंह (BJP) ने 1993 के विधान सभा चुनाव में 38.5% वोट पाकर मुरादाबाद ग्रामीण सीट जीती और सौलत अली (SP) को 12,733 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में भी सीट नंबर 34 का नाम मुरादाबाद ग्रामीण था, तब सीमाएँ पुरानी थीं। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 34 फरीदपुर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
8.7% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
19 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | सुरेश प्रताप सिंह | 56,09838.5% | |
| 2 | सौलत अली समाजवादी पार्टी | समाजवादी पार्टी | 43,36529.8% |
| 3 | रिज़वीन-उल-हक जनता दल | जनता दल | 40,11627.6% |
| 4 | रशीद | 1,4241.0% | |
| 5 | सुशील कुमार | 7560.5% | |
| 6 | बृज राम JP | JP | 7190.5% |
| 7 | सतीश बाला निर्दलीय | निर्दलीय | 5260.4% |
| 8 | राजेन्द्र सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 4710.3% |
| 9 | काका जोगिंदर सिंह उर्फ़ धरती पकड़ निर्दलीय | निर्दलीय | 4110.3% |
| 10 | नरेश प्रताप सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 2890.2% |
| 11 | मोहम्मद शहेनशाह निर्दलीय | निर्दलीय | 2680.2% |
| 12 | महेन्द्र सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 2420.2% |
| 13 | मोहम्मद शरीफ निर्दलीय | निर्दलीय | 1760.1% |
| 14 | दिनेश चन्द्र शर्मा निर्दलीय | निर्दलीय | 1560.1% |
| 15 | कृष्ण पाल सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1490.1% |
| 16 | फ़िरोज़ अख्तर निर्दलीय | निर्दलीय | 1360.1% |
| 17 | रामेश्वर सिंह चौहान निर्दलीय | निर्दलीय | 1310.1% |
| 18 | गिरीश चन्द्र वर्मा निर्दलीय | निर्दलीय | 1250.1% |
| 19 | बन्ने | 680.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 96% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.19 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
मुरादाबाद ग्रामीण से कौन जीता, 1974–1996
BJP ने यह सीट JD से छीन ली, जिसने इसे 1991 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1974 से शुरू होता है, यह BJP की पहली जीत थी। यह 1980 के बाद यहाँ का सबसे एकतरफ़ा नतीजा था। मतदान प्रतिशत 1991 के 55.1% से बढ़कर 68.4% हो गया। इसके बाद 1996 के चुनाव में यह सीट SP ने जीती।
- 1974ओम प्रकाश (IND), जीत का अंतर 23.9%
- 1977रियासत हुसैन (IND), जीत का अंतर 2.4%
- 1980रियासत हुसैन (IND), जीत का अंतर 9.0%
- 1985मोहम्मद रिजवानुल हक (LKD), जीत का अंतर 7.1%
- 1989मोहम्मद रिजवानुल हक (JD), जीत का अंतर 0.7%
- 1991मोहम्मद रिज़वानुलहक़ (JD), जीत का अंतर 5.4%
- 1993सुरेश प्रताप सिंह (BJP), जीत का अंतर 8.7%
- 1996सौलत अली (SP), जीत का अंतर 1.2%