धानापुरविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1993
रामजीत भारदवाज (BSP) ने 1993 के विधान सभा चुनाव में 37.8% वोट पाकर धानापुर सीट जीती और सुरेन्द्र कुमार सिंह (BJP) को 7,195 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में सीट नंबर 237 ज़मानिया थी। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 237 बयालसी है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
6.0% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
24 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | रामजीत भारदवाज SP-BSP alliance ('Mile Mulayam-Kanshi Ram'), Uttar Pradesh 1993 | SP-BSP alliance ('Mile Mulayam-Kanshi Ram'), Uttar Pradesh 1993 | 44,94637.8% |
| 2 | सुरेन्द्र कुमार सिंह | 37,75131.7% | |
| 3 | कैल्श नाथ सिंह यादव जनता दल | जनता दल | 18,33715.4% |
| 4 | आनन्द कुमार सिंह | 7,8826.6% | |
| 5 | बैजनाथ निर्दलीय | निर्दलीय | 1,9141.6% |
| 6 | सुबेदार निर्दलीय | निर्दलीय | 1,7901.5% |
| 7 | अवधेश निर्दलीय | निर्दलीय | 1,1160.9% |
| 8 | ब्रहदवे NDPF | NDPF | 8680.7% |
| 9 | मराछू | 7700.7% | |
| 10 | बेचन BRP | BRP | 5920.5% |
| 11 | प्रेम प्रकाश निर्दलीय | निर्दलीय | 4160.3% |
| 12 | राजेन्द्र JP | JP | 3870.3% |
| 13 | रामेश्वर | 3650.3% | |
| 14 | रामयश ADU | ADU | 3200.3% |
| 15 | बचल निर्दलीय | निर्दलीय | 3140.3% |
| 16 | लखमन राम निर्दलीय | निर्दलीय | 2410.2% |
| 17 | रामुग्रह यादव ICS | ICS | 2120.2% |
| 18 | मूरत निर्दलीय | निर्दलीय | 1610.1% |
| 19 | शिव चन्द निर्दलीय | निर्दलीय | 1530.1% |
| 20 | सारनाथ SSD | SSD | 1280.1% |
| 21 | च. लौतम राम नगर निषाद निर्दलीय | निर्दलीय | 1250.1% |
| 22 | रविन्द्र | 740.1% | |
| 23 | रणविजय निर्दलीय | निर्दलीय | 660.1% |
| 24 | अजय कुमार सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 300.0% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 85% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.67 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
धानापुर से कौन जीता, 1974–1996
BSP ने यह सीट JD से छीन ली, जिसने इसे 1991 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1974 से शुरू होता है, यह BSP की पहली जीत थी। मतदान प्रतिशत 1991 के 40.8% से बढ़कर 53.8% हो गया। इसके बाद 1996 के चुनाव में यह सीट SP ने जीती।
- 1974बैजनाथ (BKD), जीत का अंतर 9.4%
- 1977कैलाश नाथ (JNP), जीत का अंतर 15.0%
- 1980राम जनम (INC(I)), जीत का अंतर 11.9%
- 1985राम जनम (INC), जीत का अंतर 4.9%
- 1989दया शंकर (JD), जीत का अंतर 28.6%
- 1991कैलाश नाथ सिंह यादव (JD), जीत का अंतर 4.2%
- 1993रामजीत भारदवाज (BSP), जीत का अंतर 6.0%
- 1996प्रभु नारायण (SP), जीत का अंतर 10.8%