काशीपुरविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1991
राजीव कुमार (BJP) ने 1991 के विधान सभा चुनाव में 33.9% वोट पाकर काशीपुर सीट जीती और के.सी. सिंह (बाबा) (JD) को 1,303 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में सीट नंबर 16 हल्द्वानी थी। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 16 मुरादाबाद पश्चिम है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
काशीपुर का फ़ैसला सिर्फ़ 1.3% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 1,303 से भी कम वोटों का फ़ासला था।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
30 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | राजीव कुमार | 34,73433.9% | |
| 2 | के.सी. सिंह (बाबा) जनता दल | जनता दल | 33,43132.6% |
| 3 | सतेन्द्र चन्द दूरिया | 18,78718.3% | |
| 4 | जय प्रकाश | 6,8596.7% | |
| 5 | जोगा सिंह JP | JP | 4,3994.3% |
| 6 | राम चन्द्र सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 3170.3% |
| 7 | बरेट चन्द निर्दलीय | निर्दलीय | 2870.3% |
| 8 | अशोक कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 2740.3% |
| 9 | आनन्द प्रकाश निर्दलीय | निर्दलीय | 2690.3% |
| 10 | विनय कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 2570.3% |
| 11 | बहादुर सिंह | 2500.2% | |
| 12 | अरविन्द कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 2490.2% |
| 13 | राम अडतर निर्दलीय | निर्दलीय | 2450.2% |
| 14 | अनिल कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 2150.2% |
| 15 | त्रिलोकी नाथ निर्दलीय | निर्दलीय | 1890.2% |
| 16 | अवनीश कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 1880.2% |
| 17 | विजय भारती निर्दलीय | निर्दलीय | 1870.2% |
| 18 | चन्द्र पाल सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1820.2% |
| 19 | आनन्द सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1810.2% |
| 20 | अब्दुल मजीद नास्तर निर्दलीय | निर्दलीय | 1610.2% |
| 21 | मजीद खान निर्दलीय | निर्दलीय | 1510.1% |
| 22 | बाबू राम निर्दलीय | निर्दलीय | 1440.1% |
| 23 | हरदेव सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1270.1% |
| 24 | खुर्शीद निर्दलीय | निर्दलीय | 1110.1% |
| 25 | राम गोपाल सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 880.1% |
| 26 | मेहंदी हसन निर्दलीय | निर्दलीय | 820.1% |
| 27 | सुमेरी सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 650.1% |
| 28 | मुख्तार हुसैन निर्दलीय | निर्दलीय | 540.1% |
| 29 | अजय कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 480.1% |
| 30 | माजिद निर्दलीय | निर्दलीय | 320.0% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 85% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.83 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
काशीपुर से कौन जीता, 1974–1996
BJP ने यह सीट एक निर्दलीय उम्मीदवार से छीन ली, जिसने इसे 1989 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1974 से शुरू होता है, यह BJP की पहली जीत थी। 1974 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1989 के 53.0% से घटकर 51.7% रह गया। इसके बाद 1993 के चुनाव में भी BJP ने यह सीट अपने पास रखी।
- 1974नारायण दत्त तिवारी (INC), जीत का अंतर 39.4%
- 1977नारायण दत्त (INC), जीत का अंतर 11.4%
- 1980सतेन्द्र चन्द्र गुरिया (INC(I)), जीत का अंतर 1.9%
- 1985नारायण दत्त (INC), जीत का अंतर 58.0%
- 1989करण चन्द्र सिंह (IND), जीत का अंतर 22.6%
- 1991राजीव कुमार (BJP), जीत का अंतर 1.3%
- 1993राजीव कुमार (BJP), जीत का अंतर 2.0%
- 1996के.सी. सिंह बाबा (AIIC(T)), जीत का अंतर 1.6%