लखनउ कैन्टोनमेंटविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1991
सतीश भाटिया (BJP) ने 1991 के विधान सभा चुनाव में 53.2% वोट पाकर लखनउ कैन्टोनमेंट सीट जीती और प्रेमवारी तिवारी (INC) को 16,356 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में भी सीट नंबर 104 का नाम लखनउ कैन्टोनमेंट था, तब सीमाएँ पुरानी थीं। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 104 पट्टी है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — सतीश भाटिया 27.1% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
26 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | सतीश भाटिया | 32,15953.2% | |
| 2 | प्रेमवारी तिवारी | 15,80326.1% | |
| 3 | शिवा चन्द साहू JP | JP | 7,10511.8% |
| 4 | रशीद भारतीय | 2,0723.4% | |
| 5 | उर्मिला सिंह जनता दल | जनता दल | 1,6812.8% |
| 6 | अर्जुन सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1800.3% |
| 7 | राम सिंह | 1700.3% | |
| 8 | कैलाश सोनकर निर्दलीय | निर्दलीय | 1700.3% |
| 9 | विन्देश्वरी उर्फ़ बी.पी. गुप्ता निर्दलीय | निर्दलीय | 1630.3% |
| 10 | शमशेर मसीह निर्दलीय | निर्दलीय | 1350.2% |
| 11 | महिमा सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1150.2% |
| 12 | अब्दुल मोईद सिद्दीकी निर्दलीय | निर्दलीय | 1060.2% |
| 13 | रमेश चन्द्र निर्दलीय | निर्दलीय | 750.1% |
| 14 | चरणजीत कौर निर्दलीय | निर्दलीय | 710.1% |
| 15 | ज्ञान प्रकाश निर्दलीय | निर्दलीय | 600.1% |
| 16 | राकेश निर्दलीय | निर्दलीय | 560.1% |
| 17 | राम किशोर निर्दलीय | निर्दलीय | 530.1% |
| 18 | गायत्री देवी निर्दलीय | निर्दलीय | 520.1% |
| 19 | मीरा निर्दलीय | निर्दलीय | 510.1% |
| 20 | राम अवतार पाल निर्दलीय | निर्दलीय | 470.1% |
| 21 | सुरेश चन्द्र अरोड़ा निर्दलीय | निर्दलीय | 450.1% |
| 22 | राम पाल सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 310.1% |
| 23 | गुर बख्श सिंह बख्शी निर्दलीय | निर्दलीय | 280.1% |
| 24 | मोहम्मद अमीन निर्दलीय | निर्दलीय | 210.0% |
| 25 | जय प्रकाश निर्दलीय | निर्दलीय | 140.0% |
| 26 | बेंट सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 50.0% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
BJP, INC और JP को 91% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.73 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
लखनउ कैन्टोनमेंट से कौन जीता, 1974–1996
BJP ने यह सीट INC से छीन ली, जिसने इसे 1989 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1974 से शुरू होता है, यह BJP की पहली जीत थी। मतदान प्रतिशत 1989 के 26.5% से बढ़कर 27.7% हो गया। इसके बाद 1993 के चुनाव में भी BJP ने यह सीट अपने पास रखी।
- 1974चरण सिंह (INC), जीत का अंतर 20.3%
- 1977कृष्ण कान्त मिश्र (JNP), जीत का अंतर 29.3%
- 1980प्रेमवती तिवारी (INC(I)), जीत का अंतर 31.1%
- 1985प्रेमवती तिवारी (INC), जीत का अंतर 58.3%
- 1989प्रेमवती तिवारी (INC), जीत का अंतर 3.6%
- 1991सतीश भाटिया (BJP), जीत का अंतर 27.1%
- 1993सतीश भाटिया (BJP), जीत का अंतर 23.5%
- 1996सुरेश चन्द्र तिवारी (BJP), जीत का अंतर 45.2%