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उत्तर प्रदेश · विधान सभा सीट नंबर 82SC आरक्षित

मछरेहटाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1985

राम कृष्ण (निर्दलीय) ने 1985 के विधान सभा चुनाव में 44.0% वोट पाकर मछरेहटा सीट जीती और चौधरी वीरेन्द्र कुमार (INC) को 615 वोटों से हराया।

1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में सीट नंबर 82 मछरेहटा थी। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 82 हसनगंज है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।

विजेता

राम कृष्ण
IND
निर्दलीय 44.0%INC 42.9%4 अन्य 13.1%
मिले वोट
24,925
मतों का 44.0%
जीत का अंतर
615
कुल वोटों का 1.1%
उम्मीदवार
6
मतदान प्रतिशत
42.0%
1,34,819 मतदाताओं में से

मछरेहटा का फ़ैसला सिर्फ़ 1.1% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 615 से भी कम वोटों का फ़ासला था।

सीट का इतिहास

सभी उम्मीदवार

6 उम्मीदवार
#उम्मीदवारपार्टीमिले वोट · %
1
राम कृष्ण
निर्दलीय
निर्दलीय
24,92544.0%
2
चौधरी वीरेन्द्र कुमार
24,31042.9%
3
लाल दास
4,8088.5%
4
नन्द लाल
निर्दलीय
निर्दलीय
1,7473.1%
5
राम पाल
जनता
जनता
6421.1%
6
होरी लाल
निर्दलीय
निर्दलीय
2260.4%

परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।

नज़दीकी मुक़ाबला, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।

सीट का इतिहास लोड हो रहा है…

यह सीट कितनी पक्की है?

इस सीट के आंकड़े
1.1%

जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में

कितने लोगों ने वोट डाला?

इस सीट के आंकड़े
42%

पंजीकृत मतदाताओं में से

कमज़्यादा

मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?

इस सीट के आंकड़े
दो या तीन दल

एक निर्दलीय, INC और BJP को 95% वोट मिले।

मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.59

सदन में किसके पास कितनी सीटें?

इस सीट के आंकड़े
425 सीटें · बहुमत का आँकड़ा 213

वोट किस तरह बँटे?

इस सीट के आंकड़े
44.0%निर्दलीय की जीत
निर्दलीय 44.0%INC 42.9%BJP 8.5%अन्य 4.6%

यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।

राज्य के आँकड़े पूछें

RBI 2024-25

ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।

मछरेहटा से कौन जीता, 1974–1996

एक निर्दलीय उम्मीदवार ने यह सीट INC(I) से छीन ली, जिसने इसे 1980 में जीता था। 1974 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1980 के 39.1% से बढ़कर 42.0% हो गया। इसके बाद 1989 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।

  1. 1974वीरेन्द्र कुमार चौधरी (INC), जीत का अंतर 19.9%
  2. 1977लाल दास (JNP), जीत का अंतर 3.5%
  3. 1980वीरेन्द्र कुमार चौधरी (INC(I)), जीत का अंतर 31.9%
  4. 1985राम कृष्ण (IND), जीत का अंतर 1.1%
  5. 1989वीरेन्द्र कुमार चौधरी (INC), जीत का अंतर 15.2%
  6. 1991राम कृष्ण (INC), जीत का अंतर 6.3%
  7. 1993बालगोविन्द राजवंशी (BSP), जीत का अंतर 3.3%
  8. 1996रामपाल राजवंशी (JD), जीत का अंतर 12.6%