दिलदारनगरविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1985
अवधेश राय शास्त्री (INC) ने 1985 के विधान सभा चुनाव में 39.1% वोट पाकर दिलदारनगर सीट जीती और असलम (LKD) को 13,367 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में सीट नंबर 231 दोआबा थी। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 231 औराई है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — अवधेश राय शास्त्री 15.1% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
14 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | अवधेश राय शास्त्री | 34,59939.1% | |
| 2 | असलम Lok Dal | Lok Dal | 21,23224.0% |
| 3 | अजय कुमार जनता | जनता | 8,2259.3% |
| 4 | सच्चिदानंद राय | 6,1797.0% | |
| 5 | श्याम नारायण कुशवाहा निर्दलीय | निर्दलीय | 4,8245.5% |
| 6 | सिंहासन निर्दलीय | निर्दलीय | 3,8304.3% |
| 7 | इस्तियाक खान वाम दल | वाम दल | 3,6434.1% |
| 8 | अमर सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 2,4882.8% |
| 9 | श्याम बिहारी निर्दलीय | निर्दलीय | 1,4371.6% |
| 10 | जवाहर लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 1,3831.6% |
| 11 | नर सिंह | 2650.3% | |
| 12 | अनिरुद्ध सिंह ICJ | ICJ | 1610.2% |
| 13 | सदानंद तिवारी निर्दलीय | निर्दलीय | 1580.2% |
| 14 | दरोगा सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1370.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 72% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 4.32 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
दिलदारनगर से कौन जीता, 1974–1996
INC ने यह सीट INC(U) से छीन ली, जिसने इसे 1980 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1974 से शुरू होता है, यह INC की पहली जीत थी। 1974 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे एकतरफ़ा नतीजा था। मतदान प्रतिशत 1980 के 46.0% से बढ़कर 50.5% हो गया। इसके बाद 1989 के चुनाव में यह सीट JD ने जीती।
- 1974रामजी (BKD), जीत का अंतर 7.5%
- 1977अवधेश नारायण (JNP), जीत का अंतर 4.1%
- 1980राम हर्ष (INC(U)), जीत का अंतर 6.2%
- 1985अवधेश राय शास्त्री (INC), जीत का अंतर 15.1%
- 1989ओम प्रकाश (JD), जीत का अंतर 7.3%
- 1991ओम प्रकाश (JP), जीत का अंतर 1.5%
- 1993ओम प्रकाश (SP), जीत का अंतर 23.6%
- 1996ओम प्रकाश (SP), जीत का अंतर 16.5%