कर्नलगंजविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1985
उमेश्वर प्रताप सिंह (INC) ने 1985 के विधान सभा चुनाव में 72.6% वोट पाकर कर्नलगंज सीट जीती और सूर्य कान्त सिंह (JNP) को 42,800 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में सीट नंबर 163 मुजेहना थी। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 163 बासगावं है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — उमेश्वर प्रताप सिंह 61.5% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
10 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | उमेश्वर प्रताप सिंह | 50,54072.6% | |
| 2 | सूर्य कान्त सिंह जनता | जनता | 7,74011.1% |
| 3 | गणेश प्रसाद तिवारी | 6,1468.8% | |
| 4 | साहब दीन निर्दलीय | निर्दलीय | 1,9342.8% |
| 5 | अवधेश सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 9041.3% |
| 6 | रामानंद जायसवाल | 8061.2% | |
| 7 | कालीदीन निर्दलीय | निर्दलीय | 6590.9% |
| 8 | अजय कुमार सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 3400.5% |
| 9 | बेंदेश्वरी प्रसाद उर्फ़ लाल साहब निर्दलीय | निर्दलीय | 2860.4% |
| 10 | जंग बहादुर सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 2560.4% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, असल में दो दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
INC और JNP को 84% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 1.82 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
कर्नलगंज से कौन जीता, 1974–1996
INC ने यह सीट INC(I) से छीन ली, जिसने इसे 1980 में जीता था; INC ने यहाँ पिछली बार 1974 में जीत दर्ज की थी। 1974 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे एकतरफ़ा नतीजा था। मतदान प्रतिशत 1980 के 34.0% से बढ़कर 42.0% हो गया। इसके बाद 1989 के चुनाव में यह सीट एक निर्दलीय उम्मीदवार ने जीती।
- 1974राघराज सिंह (INC), जीत का अंतर 5.9%
- 1977त्रिवेणी सिंह (JNP), जीत का अंतर 13.7%
- 1980उमेश्वर प्रताप सिंह (INC(I)), जीत का अंतर 20.1%
- 1985उमेश्वर प्रताप सिंह (INC), जीत का अंतर 61.5%
- 1989अजय प्रताप सिंह उर्फ़ लल्ला भैया (IND), जीत का अंतर 3.6%
- 1991अजय प्रताप सिंह उर्फ़ लल्ला भैया (BJP), जीत का अंतर 42.0%
- 1993अजय प्रताप सिंह उर्फ़ लल्ला भैया (BJP), जीत का अंतर 33.1%
- 1996अजय प्रताप सिंह उर्फ़ लल्ला भैया (BJP), जीत का अंतर 12.8%