आगरा कैंटविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1969
देवकी नन्दन बिबाव (INC) ने 1969 के विधान सभा चुनाव में 35.1% वोट पाकर आगरा कैंट सीट जीती और राज कुमार समा (BJS) को 511 वोटों से हराया।
1967 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1962 में सीट नंबर 360 एत्मादपुर दक्षिण थी। 1969 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1974 से सीट नंबर 360 खेरागढ़ है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
आगरा कैंट का फ़ैसला सिर्फ़ 0.9% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 511 से भी कम वोटों का फ़ासला था।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
9 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | देवकी नन्दन बिबाव | 20,32435.1% | |
| 2 | राज कुमार समा Bharatiya Jana Sangh | Bharatiya Jana Sangh | 19,81334.2% |
| 3 | सईद उद्दीन कुरैशी | 10,46818.1% | |
| 4 | रमेश चन्द | 4,6798.1% | |
| 5 | अब्दुल हाफिज वाम दल | वाम दल | 1,7923.1% |
| 6 | बंगाली मल निर्दलीय | निर्दलीय | 5510.9% |
| 7 | शिव चरण लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 1350.2% |
| 8 | देवी प्रसाद शर्मा दिव्या PBI | PBI | 1230.2% |
| 9 | हुकम चन्द निर्दलीय | निर्दलीय | 790.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 87% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.57 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
आगरा कैंट से कौन जीता, 1967–1969
INC ने 1967 में जीती यह सीट फिर से अपने पास रखी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 33.1% से बढ़कर 35.1% हो गया। मतदान प्रतिशत 1967 के 64.2% से घटकर 56.7% रह गया।
- 1967एच.एच.एन.ए.ए.एच. बाबू (INC), जीत का अंतर 1.8%
- 1969देवकी नन्दन बिबाव (INC), जीत का अंतर 0.9%