आलमपुरविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1967
एन. किशोर (INC) ने 1967 के विधान सभा चुनाव में 40.9% वोट पाकर आलमपुर सीट जीती और आर. एन. चौधरी (BJS) को 2,070 वोटों से हराया।
1967 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1962 में सीट नंबर 49 आंवला थी। 1969 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1974 से सीट नंबर 49 सुन्हा है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। एन. किशोर 3.7% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
7 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | एन. किशोर | 22,63240.9% | |
| 2 | आर. एन. चौधरी Bharatiya Jana Sangh | Bharatiya Jana Sangh | 20,56237.2% |
| 3 | आर. आर. राणा | 4,8338.7% | |
| 4 | मुरलीधर निर्दलीय | निर्दलीय | 2,9875.4% |
| 5 | आर. किशन निर्दलीय | निर्दलीय | 1,9613.5% |
| 6 | एम. ए. खालिक स्वतंत्र पार्टी | स्वतंत्र पार्टी | 1,8403.3% |
| 7 | ए. चैतन्या निर्दलीय | निर्दलीय | 5240.9% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 87% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.14 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
आलमपुर से कौन जीता, 1967–1969
इसके बाद 1969 के चुनाव में यह सीट BKD ने जीती।
- 1967एन. किशोर (INC), जीत का अंतर 3.7%
- 1969ओम प्रकाश सिंह (BKD), जीत का अंतर 15.1%