कर्वीविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1967
आर. सजीवन (CPI) ने 1967 के विधान सभा चुनाव में 30.9% वोट पाकर कर्वी सीट जीती और डी. दयाल (INC) को 3,466 वोटों से हराया।
1967 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1962 में सीट नंबर 321 कानपुर शहर I थी। 1969 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1974 से सीट नंबर 321 हमीरपुर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
8.8% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
9 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | आर. सजीवन वाम दल | वाम दल | 12,21430.9% |
| 2 | डी. दयाल | 8,74822.1% | |
| 3 | जे. सिंह Bharatiya Jana Sangh | Bharatiya Jana Sangh | 6,88417.4% |
| 4 | आर. निवाज़ निर्दलीय | निर्दलीय | 4,89012.4% |
| 5 | जे. सरन | 2,4746.3% | |
| 6 | वी. देवी निर्दलीय | निर्दलीय | 1,5874.0% |
| 7 | एस. बली निर्दलीय | निर्दलीय | 1,3293.4% |
| 8 | डी. नारायण निर्दलीय | निर्दलीय | 1,1142.8% |
| 9 | एच.डी. शर्मा वाम दल | वाम दल | 2590.7% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 71% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 5.05 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
कर्वी से कौन जीता, 1967–1969
इसके बाद 1969 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।
- 1967आर. सजीवन (CPI), जीत का अंतर 8.8%
- 1969राधा कृष्ण गोस्वामी (INC), जीत का अंतर 4.5%