बाड़ीविधान सभा चुनाव का परिणाम, 2003
दलजीत सिंह (INC) ने 2003 के विधान सभा चुनाव में 39.0% वोट पाकर बाड़ी सीट जीती और जसवंत (BJP) को 1,980 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 79 टोडाभीम थी। 2003 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2008 से सीट नंबर 79 धौलपुर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
बाड़ी का फ़ैसला सिर्फ़ 1.7% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 1,980 से भी कम वोटों का फ़ासला था।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
8 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | दलजीत सिंह | 46,48239.0% | |
| 2 | जसवंत NDA | NDA | 44,50237.3% |
| 3 | बाबू लाल रावत | 25,39321.3% | |
| 4 | दिग्विजय सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 8860.7% |
| 5 | बलराम धीर निर्दलीय | निर्दलीय | 7680.6% |
| 6 | बज्जी निर्दलीय | निर्दलीय | 5190.4% |
| 7 | रामस्वरूप | 4730.4% | |
| 8 | किशन सिंह गुर्जर निर्दलीय | निर्दलीय | 2010.2% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
INC, BJP और BSP को 98% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.97 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
बाड़ी से कौन जीता, 1977–2003
INC ने यह सीट BJP से छीन ली, जिसने इसे 1998 में जीता था; INC ने यहाँ पिछली बार 1993 में जीत दर्ज की थी। मतदान प्रतिशत 1998 के 71.4% से बढ़कर 74.0% हो गया।