नेल्लीथोपविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1990
आर. वी. जानकीरामन (DMK) ने 1990 के विधान सभा चुनाव में 41.6% वोट पाकर नेल्लीथोप सीट जीती और बी. मणिमारन (ADK) को 530 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में सीट नंबर 7 नेल्लीथोप थी। 2006 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2011 से सीट नंबर 7 कदिरगामम है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। आर. वी. जानकीरामन 3.3% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
9 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | आर. वी. जानकीरामन राष्ट्रीय मोर्चा | राष्ट्रीय मोर्चा | 6,60141.6% |
| 2 | बी. मणिमारन AIADMK | AIADMK | 6,07138.2% |
| 3 | पी. रामलिंगम निर्दलीय | निर्दलीय | 2,88818.2% |
| 4 | पी. कृष्णन | 1731.1% | |
| 5 | एम. लोगनाथन निर्दलीय | निर्दलीय | 960.6% |
| 6 | जे. राघवन JNP(JP) | JNP(JP) | 280.2% |
| 7 | जी. वेंकटेशन निर्दलीय | निर्दलीय | 120.1% |
| 8 | आंद्रे ज़ेगनादेन अशोक निर्दलीय | निर्दलीय | 30.0% |
| 9 | जी. अरुमुगम निर्दलीय | निर्दलीय | 30.0% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
DMK, ADK और एक निर्दलीय को 98% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.84 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2011 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2011 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
ऴ: तमिल और मलयालम की 'ழ' / 'ഴ' ध्वनि (ल और ड़ के बीच की है)
नेल्लीथोप से कौन जीता, 1974–2006
DMK ने यहाँ लगातार तीसरी बार जीत दर्ज की; जीत का यह सिलसिला 1980 में शुरू हुआ था। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 51.8% से घटकर 41.6% रह गया। यह 1974 के बाद यहाँ का सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1985 के 70.6% से घटकर 64.5% रह गया। इसके बाद 1991 के चुनाव में भी DMK ने यह सीट अपने पास रखी।
- 1974कन्नन, आर. (NCO), जीत का अंतर 1.9%
- 1977आर. कन्नन (JNP), जीत का अंतर 8.6%
- 1980पी. रामलिंगम (DMK), जीत का अंतर 25.6%
- 1985आर.वी. जानकीरामन (DMK), जीत का अंतर 9.7%
- 1990आर. वी. जानकीरामन (DMK), जीत का अंतर 3.3%
- 1991आर. वी. जानकीरामन (DMK), जीत का अंतर 0.6%
- 1996आर.वी. जानकीरामन (DMK), जीत का अंतर 8.6%
- 2001आर.वी. जानकीरामन (DMK), जीत का अंतर 12.8%
- 2006ओम शक्ति शेखर उर्फ़ एस. शेखर (ADMK), जीत का अंतर 7.5%