बरनालाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 2002
मलकीत सिंह कीतू (SAD) ने 2002 के विधान सभा चुनाव में 38.2% वोट पाकर बरनाला सीट जीती और सुरिंदर पाल सिंह (INC) को 16,270 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 83 नाभा थी। 2007 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2012 से सीट नंबर 83 लंबी है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — मलकीत सिंह कीतू 16.6% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
9 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | मलकीत सिंह कीतू BJP-SAD Alliance (NDA) (NDA गठबंधन) | BJP-SAD Alliance (NDA) (NDA गठबंधन) | 37,57538.2% |
| 2 | सुरिंदर पाल सिंह | 21,30521.7% | |
| 3 | भोला सिंह विर्क LBP | LBP | 16,61716.9% |
| 4 | परमजीत सिंह | 11,40211.6% | |
| 5 | नरेश कुमारी बावा | 4,6254.7% | |
| 6 | राजिंदर कौर निर्दलीय | निर्दलीय | 4,2854.4% |
| 7 | जांगिड़ सिंह PBLP | PBLP | 1,4681.5% |
| 8 | मीत सिंह सहजरा निर्दलीय | निर्दलीय | 5450.6% |
| 9 | सुरजीत सिंह | 5070.5% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 77% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 4.18 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
बरनाला से कौन जीता, 1977–2007
SAD ने यह सीट एक निर्दलीय उम्मीदवार से छीन ली, जिसने इसे 1997 में जीता था; SAD ने यहाँ पिछली बार 1985 में जीत दर्ज की थी। मतदान प्रतिशत 1997 के 74.3% से घटकर 70.0% रह गया। इसके बाद 2007 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।