अमृतसर मध्यविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1997
लक्ष्मी कान्ता चावला (BJP) ने 1997 के विधान सभा चुनाव में 53.9% वोट पाकर अमृतसर मध्य सीट जीती और दरबारी लाल (INC) को 14,583 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 18 वल्टोहा थी। 2007 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2012 से सीट नंबर 18 अमृतसर पूर्व है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — लक्ष्मी कान्ता चावला 29.0% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
10 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | लक्ष्मी कान्ता चावला BJP-SAD Alliance (Punjab, 1997) | BJP-SAD Alliance (Punjab, 1997) | 27,07053.9% |
| 2 | दरबारी लाल | 12,48724.9% | |
| 3 | अरुण कुमार पप्पल निर्दलीय | निर्दलीय | 7,73115.4% |
| 4 | हरीश कुमार तनेजा निर्दलीय | निर्दलीय | 2,0774.1% |
| 5 | प्रमोद गिल निर्दलीय | निर्दलीय | 3790.8% |
| 6 | जैस्मिन असगर | 2650.5% | |
| 7 | रमन कुमार दुआ संयुक्त मोर्चा | संयुक्त मोर्चा | 1430.3% |
| 8 | सतीश कुमार बबला | 570.1% | |
| 9 | कुलजीत सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 260.1% |
| 10 | रजनीश कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 90.0% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
BJP, INC और एक निर्दलीय को 94% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.65 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
अमृतसर मध्य से कौन जीता, 1977–2007
BJP ने 1992 में जीती यह सीट फिर से अपने पास रखी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत लगभग पहले जितना ही रहा: 53.9%। 1977 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे एकतरफ़ा नतीजा था। मतदान प्रतिशत 1992 के 49.3% से बढ़कर 60.4% हो गया। इसके बाद 2002 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।
- 1977बलरामजीदास टण्डन (JNP), जीत का अंतर 5.1%
- 1980दरबारी लाल (INC(I)), जीत का अंतर 15.7%
- 1985दरबारी लाल (INC), जीत का अंतर 1.0%
- 1992लक्ष्मी कान्ता (BJP), जीत का अंतर 10.0%
- 1997लक्ष्मी कान्ता चावला (BJP), जीत का अंतर 29.0%
- 2002दरबारी लाल (INC), जीत का अंतर 14.0%
- 2007लक्ष्मी कान्ता चावला (BJP), जीत का अंतर 8.1%