झारसुगुड़ाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1990
किशोर कुमार मोहन्ती (JD) ने 1990 के विधान सभा चुनाव में 38.2% वोट पाकर झारसुगुड़ा सीट जीती और बीरेन्द्र पाण्डेय (INC) को 2,295 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1971 में सीट नंबर 130 तेलकोई थी। 2004 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2009 से सीट नंबर 130 सानखेमुंडी है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। किशोर कुमार मोहन्ती 3.0% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
10 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | किशोर कुमार मोहन्ती राष्ट्रीय मोर्चा | राष्ट्रीय मोर्चा | 29,20238.2% |
| 2 | बीरेन्द्र पाण्डेय | 26,90735.2% | |
| 3 | ईश्वर चन्द्र नाईक वाम दल | वाम दल | 14,54719.0% |
| 4 | राजेश कुमार जायसवाल | 3,0504.0% | |
| 5 | भुबनेश्बर गरडिया निर्दलीय | निर्दलीय | 1,1071.4% |
| 6 | शांतिमय मुखर्जी निर्दलीय | निर्दलीय | 4780.6% |
| 7 | ओम प्रकाश निर्दलीय | निर्दलीय | 4640.6% |
| 8 | श्यामसुंदर प्रधान OPF | OPF | 3110.4% |
| 9 | दिब्य शंकर बहेरा निर्दलीय | निर्दलीय | 2550.3% |
| 10 | सुनील कुमार पटेल निर्दलीय | निर्दलीय | 1970.3% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 92% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.25 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
झारसुगुड़ा से कौन जीता, 1974–2004
JD ने यह सीट INC से छीन ली, जिसने इसे 1985 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1974 से शुरू होता है, यह JD की पहली जीत थी। 1974 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1985 के 42.7% से बढ़कर 54.6% हो गया। इसके बाद 1995 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।
- 1974सैरंध्री नायक (INC), जीत का अंतर 4.6%
- 1977सैरिन्द्र नायक (INC), जीत का अंतर 6.0%
- 1980बीरेन्द्र पाण्डेय (INC(I)), जीत का अंतर 39.5%
- 1985बीरेन्द्र पाण्डेय (INC), जीत का अंतर 43.5%
- 1990किशोर कुमार मोहन्ती (JD), जीत का अंतर 3.0%
- 1995बीरेन्द्र चन्द्र पाण्डेय (INC), जीत का अंतर 0.8%
- 2000किशोर कुमार मोहन्ती (BJD), जीत का अंतर 45.1%
- 2004किशोर कुमार मोहन्ती (BJD), जीत का अंतर 9.5%