बड़म्बाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1985
ललित मोहन मोहन्ती (INC) ने 1985 के विधान सभा चुनाव में 55.9% वोट पाकर बड़म्बा सीट जीती और राजासाहेब त्रिलोचन सिंहदेब (निर्दलीय) को 11,611 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1971 में सीट नंबर 48 पिपिली थी। 2004 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2009 से सीट नंबर 48 बिंझारपुर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — ललित मोहन मोहन्ती 19.6% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
8 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | ललित मोहन मोहन्ती | 33,12855.9% | |
| 2 | राजासाहेब त्रिलोचन सिंहदेब निर्दलीय | निर्दलीय | 21,51736.3% |
| 3 | बामदेव रथ जनता | जनता | 1,3752.3% |
| 4 | कान्हू चरण बेहेरा | 1,0621.8% | |
| 5 | बनमाली पंडा निर्दलीय | निर्दलीय | 9651.6% |
| 6 | लक्ष्मीधर त्रिपाठी निर्दलीय | निर्दलीय | 4830.8% |
| 7 | गोबर्धन जेना निर्दलीय | निर्दलीय | 3870.7% |
| 8 | सूर्यमणि त्रिपाठी निर्दलीय | निर्दलीय | 3830.7% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, असल में दो दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
INC और एक निर्दलीय को 92% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.25 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
बड़म्बा से कौन जीता, 1974–2004
INC ने यह सीट INC(I) से छीन ली, जिसने इसे 1980 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1974 से शुरू होता है, यह INC की पहली जीत थी। 1974 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे एकतरफ़ा नतीजा था। मतदान प्रतिशत 1980 के 57.6% से घटकर 55.9% रह गया। इसके बाद 1990 के चुनाव में यह सीट JD ने जीती।
- 1974राजा साहेब त्रिलोचन सिंह देव (SWA), जीत का अंतर 0.8%
- 1977राजासाहिब त्रिलोचन सिंह देव (IND), जीत का अंतर 12.9%
- 1980समीर कुमार राउतराय (INC(I)), जीत का अंतर 14.1%
- 1985ललित मोहन मोहन्ती (INC), जीत का अंतर 19.6%
- 1990राजा साहेब त्रिलोचन सिंह देव (JD), जीत का अंतर 67.9%
- 1995देबी मिश्रा (JD), जीत का अंतर 6.3%
- 2000देबी मिश्रा (BJD), जीत का अंतर 69.5%
- 2004देबीप्रसाद मिश्रा (BJD), जीत का अंतर 29.9%