चौद्वारविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1967
ए. बेहेवा (PSP) ने 1967 के विधान सभा चुनाव में 40.6% वोट पाकर चौद्वार सीट जीती और बी. दत्त (INC) को 5,308 वोटों से हराया।
1967 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1961 में सीट नंबर 40 नवापाड़ा थी। 1971 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1974 से सीट नंबर 40 महंगा है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
12.9% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
9 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | ए. बेहेवा | 16,70640.6% | |
| 2 | बी. दत्त | 11,39827.7% | |
| 3 | एस. साहू निर्दलीय | निर्दलीय | 4,27510.4% |
| 4 | बी.के. देबी JAC | JAC | 1,8694.5% |
| 5 | डी. बिस्वाल निर्दलीय | निर्दलीय | 1,8684.5% |
| 6 | जे. बोस निर्दलीय | निर्दलीय | 1,5403.8% |
| 7 | पी. सामल निर्दलीय | निर्दलीय | 1,4923.6% |
| 8 | डी. दास निर्दलीय | निर्दलीय | 1,0362.5% |
| 9 | जी.बी. आचार्य निर्दलीय | निर्दलीय | 9172.2% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 79% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.83 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
चौद्वार से कौन जीता, 1967–1971
इसके बाद 1971 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।
- 1967ए. बेहेवा (PSP), जीत का अंतर 12.9%
- 1971कान्हू लेंका (INC), जीत का अंतर 11.6%