फेकविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1969
येवेहे लोहे (निर्दलीय) ने 1969 के विधान सभा चुनाव में 22.3% वोट पाकर फेक सीट जीती और ल्हुथिप्रु (निर्दलीय) को 10 वोटों से हराया।
1969 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1974 से सीट नंबर 17 चिजामी है।
विजेता
फेक का फ़ैसला सिर्फ़ 0.2% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 10 से भी कम वोटों का फ़ासला था।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
6 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | येवेहे लोहे निर्दलीय | निर्दलीय | 91122.3% |
| 2 | ल्हुथिप्रु निर्दलीय | निर्दलीय | 90122.0% |
| 3 | ज़ाचित्सो चिजो निर्दलीय | निर्दलीय | 89021.8% |
| 4 | ज़ाचिरे NNO | NNO | 52112.7% |
| 5 | वेखुहु थेवुओ निर्दलीय | निर्दलीय | 47611.6% |
| 6 | तजुहू UFN | UFN | 3929.6% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 66% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 5.42 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 1974 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 1974 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
फेक से कौन जीता, 1964–1969
1964 की तरह इस बार भी यहाँ एक निर्दलीय उम्मीदवार जीता।
- 1964श्री ल्हुथिप्रु (निर्विरोध) (IND), निर्विरोध निर्वाचित
- 1969येवेहे लोहे (IND), जीत का अंतर 0.2%