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मध्य प्रदेश · विधान सभा सीट नंबर 173SC आरक्षित

डोंगरगढ़विधान सभा चुनाव का परिणाम, 1998

धनेश पटिला (INC) ने 1998 के विधान सभा चुनाव में 48.2% वोट पाकर डोंगरगढ़ सीट जीती और सुनील रामटेके (BJP) को 2,760 वोटों से हराया।

1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 173 पाटन थी। छत्तीसगढ़ के अलग राज्य बनने के बाद, 2003 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2003 से सीट नंबर 173 खाचरौद है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।

विजेता

धनेश पटिला
INC 48.2%BJP 44.6%5 अन्य 7.2%
मिले वोट
36,784
मतों का 48.2%
जीत का अंतर
2,760
कुल वोटों का 3.6%
उम्मीदवार
7
मतदान प्रतिशत
63.6%
1,19,946 मतदाताओं में से

नज़दीकी मुक़ाबला। धनेश पटिला 3.6% के अंतर से जीते।

सीट का इतिहास

सभी उम्मीदवार

7 उम्मीदवार
#उम्मीदवारपार्टीमिले वोट · %
1
धनेश पटिला
36,78448.2%
2
सुनील रामटेके
NDA
NDA
34,02444.6%
3
छबीलाल कौशिक
2,1862.9%
4
शोभा राम भगेला
1,7612.3%
5
श्रीमती विनोदनी लहरे
निर्दलीय
निर्दलीय
9301.2%
6
सुरेन्द्र लौत्रे
CSP
CSP
3920.5%
7
शिवकुमार झाड़े
निर्दलीय
निर्दलीय
2190.3%

परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।

नज़दीकी मुक़ाबला, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।

सीट का इतिहास लोड हो रहा है…

यह सीट कितनी पक्की है?

इस सीट के आंकड़े
3.6%

जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में

कितने लोगों ने वोट डाला?

इस सीट के आंकड़े
64%

पंजीकृत मतदाताओं में से

कमज़्यादा

मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?

इस सीट के आंकड़े
दो या तीन दल

INC, BJP और CPI को 96% वोट मिले।

मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.31

सदन में किसके पास कितनी सीटें?

इस सीट के आंकड़े
320 सीटें · बहुमत का आँकड़ा 161

वोट किस तरह बँटे?

इस सीट के आंकड़े
48.2%INC की जीत
INC 48.2%BJP 44.6%अन्य 7.2%

यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।

राज्य के आँकड़े पूछें

RBI 2024-25

ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।

डोंगरगढ़ से कौन जीता, 1977–1998

INC ने यहाँ लगातार चौथी बार जीत दर्ज की; जीत का यह सिलसिला 1985 में शुरू हुआ था। उसे मिले वोटों का प्रतिशत लगभग पहले जितना ही रहा: 48.2%। 1977 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1993 के 54.1% से बढ़कर 63.6% हो गया।

  1. 1977विनायक मेश्राम (JNP), जीत का अंतर 15.6%
  2. 1980तुमन लाल (INC(I)), जीत का अंतर 35.6%
  3. 1985धनेश कुमार पटिला (INC), जीत का अंतर 41.0%
  4. 1990धनेश पटिला (INC), जीत का अंतर 4.0%
  5. 1993दानेश पटिला (INC), जीत का अंतर 7.8%
  6. 1998धनेश पटिला (INC), जीत का अंतर 3.6%