खरसियाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1993
नन्द कुमार पटेल (INC) ने 1993 के विधान सभा चुनाव में 59.4% वोट पाकर खरसिया सीट जीती और गिरधर गुप्ता (BJP) को 19,159 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 104 चांपा थी। छत्तीसगढ़ के अलग राज्य बनने के बाद, 2003 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2003 से सीट नंबर 104 जबलपुर कैंट है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — नन्द कुमार पटेल 22.9% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
8 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | नन्द कुमार पटेल | 49,69859.4% | |
| 2 | गिरधर गुप्ता | 30,53936.5% | |
| 3 | फूलसिंह सिदार | 1,7272.1% | |
| 4 | नारायण दास (इंकलाब गांधी) निर्दलीय | निर्दलीय | 6110.7% |
| 5 | पोतराम पटेल | 4660.6% | |
| 6 | पितृ निर्दलीय | निर्दलीय | 3300.4% |
| 7 | भटेश्वर निर्दलीय | निर्दलीय | 2120.3% |
| 8 | उजागरलाल निर्दलीय | निर्दलीय | 1240.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, असल में दो दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
INC और BJP को 96% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.06 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
खरसिया से कौन जीता, 1977–1998
INC ने यहाँ लगातार तीसरी बार जीत दर्ज की; जीत का यह सिलसिला 1985 में शुरू हुआ था। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 50.2% से बढ़कर 59.4% हो गया। मतदान प्रतिशत 1990 के 71.1% से बढ़कर 74.8% हो गया। इसके बाद 1998 के चुनाव में भी INC ने यह सीट अपने पास रखी।