वाबगाईविधान सभा चुनाव का परिणाम, 2022
डॉ. उषम देबेन सिंह (BJP) ने 2022 के विधान सभा चुनाव में 31.1% वोट पाकर वाबगाई सीट जीती और मो. फजुर रहीम (INC) को 50 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 36 हेइपोक थी। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
वाबगाई का फ़ैसला सिर्फ़ 0.2% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 50 से भी कम वोटों का फ़ासला था।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
5 उम्मीदवार + नोटानाम पर टैप करें
| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | डॉ. उषम देबेन सिंह NDA | NDA | 9,13831.1% |
| 2 | मो. फजुर रहीम | 9,08831.0% | |
| 3 | मायेंगबम रंजीत सिंह | 5,87320.0% | |
| 4 | मो. सिकन्दर | 3,60112.3% | |
| 5 | साकिर अहमद निर्दलीय | निर्दलीय | 1,5015.1% |
| — | नोटा नोटा | नोटा | 1520.5% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
औसत मतदान प्रतिशत (23वाँ), औसत से ज़्यादा नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
इसी चुनाव में मणिपुर की दूसरी सीटों के मुक़ाबले
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मणिपुर के औसत के आसपास (60 सीटों में ऊपर से 23वाँ)
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 82% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.99 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
नोटा को कितने वोट मिले?
वोट नोटा (“इनमें से कोई नहीं”) को मिले
मणिपुर की 60 सीटों में ऊपर से 30वाँ
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
उम्मीदवारों ने क्या घोषित किया
उम्मीदवारों ने अपने चुनावी हलफ़नामों में आपराधिक मामले घोषित किए दर्ज मामलों का मतलब सज़ा नहीं है — किसी लंबित मामले से कोई दोषी साबित नहीं होता।
घोषित संपत्ति का मध्य मान ₹1.05 करोड़ आधे उम्मीदवारों की संपत्ति इससे कम है।
थौबल ज़िला · 4.2 लाख लोग · जनगणना 2011
अनानास और काला चावल (चाखाओ) के लिए प्रसिद्ध।
यह ज़िलाटूटी रेखा = भारत
यहाँ कौन रहता है?
यहाँ कौन-कौन से धर्म माने जाते हैं?
- हिंदू63.3%
- मुस्लिम25.4%
- ईसाई1.0%
- सिख<0.1%
- बौद्ध<0.1%
- जैन<0.1%
- अन्य धर्म (आदिवासी आस्थाओं समेत)10.0%
- नहीं बताया0.2%
नल में पानी, बिजली और शौचालय वाले घर
सेहत और परिवार
आसपास के प्रसिद्ध स्थान
प्रसिद्ध स्थानों के आँकड़े: Wikidata (CC0) · ASI (भारत सरकार, आधिकारिक)। तस्वीरें: Wikimedia Commons (हर फ़ाइल का अपना CC / पब्लिक-डोमेन लाइसेंस, हर फ़ाइल देखें)। नक्शे का डेटा © OpenStreetMap contributors.
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
वाबगाई से कौन जीता, 1974–2022
BJP ने यह सीट INC से छीन ली, जिसने इसे 2017 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1974 से शुरू होता है, यह BJP की पहली जीत थी। यह 2002 के बाद यहाँ का सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 2017 के 93.2% से घटकर 91.4% रह गया।
- 1974हबीबुर रहमान (INC), जीत का अंतर 12.9%
- 1980अब्दुल सलाम (IND), जीत का अंतर 6.0%
- 1984मा येंगबम मनिहार (IND), जीत का अंतर 0.6%
- 1990मायेंगबम मनिहार (INC), जीत का अंतर 1.2%
- 1995अब्दुल सलाम (MPP), जीत का अंतर 10.8%
- 2000मायेंगबम मनिहार सिंह (INC), जीत का अंतर 11.5%
- 2002मो. अब्दुल सलाम (INC), जीत का अंतर 0.1%
- 2007डॉ. उषम देबेन सिंह (CPI), जीत का अंतर 0.4%
- 2012मो. फजुर रहीम (INC), जीत का अंतर 14.6%
- 2017मो. फजुर रहीम (INC), जीत का अंतर 17.2%
- 2022डॉ. उषम देबेन सिंह (BJP), जीत का अंतर 0.2%
मणिपुर में अगला चुनाव फ़रवरी–मार्च 2027 में होना है। मणिपुर 2027 चुनाव का अपना अनुमान बनाइए →