सिंदखेडाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 2004
अण्णासाहेब डी. वी. पाटिल (निर्दलीय) ने 2004 के विधान सभा चुनाव में 29.4% वोट पाकर सिंदखेडा सीट जीती और पाटिल रामकृष्ण दोधा (SHS) को 5,672 वोटों से हराया।
1978 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 87 जलगाँव थी। 2004 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2009 से सीट नंबर 87 नांदेड़ दक्षिण है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। अण्णासाहेब डी. वी. पाटिल 4.8% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
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| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | अण्णासाहेब डी. वी. पाटिल निर्दलीय | निर्दलीय | 34,49529.4% |
| 2 | पाटिल रामकृष्ण दोधा | 28,82324.5% | |
| 3 | भामरे ज्ञानेश्वर आनंदा UPA | UPA | 26,50422.6% |
| 4 | विजयसिंग नाथेसिंह राजपूत | 14,97212.8% | |
| 5 | सिसोदे संजीवनी संजय निर्दलीय | निर्दलीय | 7,0696.0% |
| 6 | गवले गुलाबराव साहेबराव | 2,6772.3% | |
| 7 | दामोदर वाल्मीकराव सुकदेवराव BBM | BBM | 1,1521.0% |
| 8 | तेली इकबाल बहादुर निर्दलीय | निर्दलीय | 9880.8% |
| 9 | वड्डर नाना महारू निर्दलीय | निर्दलीय | 7610.7% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 76% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 4.59 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
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RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
सिंदखेडा से कौन जीता, 1978–2004
एक निर्दलीय उम्मीदवार ने यह सीट SHS से छीन ली, जिसने इसे 1999 में जीता था। यह 1985 के बाद यहाँ का सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1999 के 59.2% से बढ़कर 66.1% हो गया।
- 1978शिसोदे मधुकरराव दीपचंद (IND), जीत का अंतर 3.0%
- 1980पाटिल रंगराव माधवराव (INC(I)), जीत का अंतर 4.5%
- 1985राजपूत मंगलसिंग निमाजी उर्फ़ थानसिंग जिभाऊ (IND), जीत का अंतर 4.5%
- 1990भदाणे दत्तात्रय वामन (INC), जीत का अंतर 19.9%
- 1995राजपूत मंगलसिंग निमजी उर्फ़ थानसिंग जिभाऊ (JD), जीत का अंतर 7.6%
- 1999पाटिल रामकृष्ण दोधा (SHS), जीत का अंतर 6.5%
- 2004अण्णासाहेब डी. वी. पाटिल (IND), जीत का अंतर 4.8%