जुन्नरविधान सभा चुनाव का परिणाम, 2004
बेनके वल्लभ दत्तात्रय (NCP) ने 2004 के विधान सभा चुनाव में 50.0% वोट पाकर जुन्नर सीट जीती और जनार्दन उर्फ़ बालासाहेब सावलेरामबुवा डांगट (SHS) को 14,131 वोटों से हराया।
1978 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 240 पुरंदर थी। 2004 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2009 से सीट नंबर 240 उमरगा है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
9.6% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
8 उम्मीदवारनाम पर टैप करें
| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | बेनके वल्लभ दत्तात्रय कांग्रेस-NCP गठबंधन (डेमोक्रेटिक फ्रंट, महाराष्ट्र) (UPA गठबंधन) | कांग्रेस-NCP गठबंधन (डेमोक्रेटिक फ्रंट, महाराष्ट्र) (UPA गठबंधन) | 73,85550.0% |
| 2 | जनार्दन उर्फ़ बालासाहेब सावलेरामबुवा डांगट | 59,72440.4% | |
| 3 | फुलावडे गणपतराव रखमाजी निर्दलीय | निर्दलीय | 6,7514.6% |
| 4 | सुखदेव गणपत खरात निर्दलीय | निर्दलीय | 2,5141.7% |
| 5 | डोंगरे मनोहर चिमाजी | 2,2051.5% | |
| 6 | अशोक गंगाधर रत्नपारखी PRBP | PRBP | 1,4010.9% |
| 7 | बालासाहेब डांगट निर्दलीय | निर्दलीय | 7110.5% |
| 8 | उज्ज्वला विश्वनाथ पवार निर्दलीय | निर्दलीय | 5450.4% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
साफ़ जीत, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
NCP, SHS और एक निर्दलीय को 95% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.40 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
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RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
जुन्नर से कौन जीता, 1978–2004
NCP ने यह सीट SHS से छीन ली, जिसने इसे 1999 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1978 से शुरू होता है, यह NCP की पहली जीत थी। यह 1985 के बाद यहाँ का सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1999 के 67.6% से बढ़कर 71.2% हो गया।
- 1978कृष्णराव मुंढे (INC), जीत का अंतर 1.1%
- 1980दिलीप धामधेरे (INC(U)), जीत का अंतर 26.1%
- 1985वल्लभ दत्तराय बेनके (ICS), जीत का अंतर 4.2%
- 1990बेनके वल्लभ दत्तात्रय (INC), जीत का अंतर 10.0%
- 1995डांगट बालासाहेब सावलेरामबुवा (SHS), जीत का अंतर 12.3%
- 1999बालासाहेब सावलेरामबुवा डांगट (SHS), जीत का अंतर 10.7%
- 2004बेनके वल्लभ दत्तात्रय (NCP), जीत का अंतर 9.6%