खालापुरविधान सभा चुनाव का परिणाम, 2004
देवेन्द्र साटम (SHS) ने 2004 के विधान सभा चुनाव में 31.9% वोट पाकर खालापुर सीट जीती और लाड सुरेश नारायण (NCP) को 2,970 वोटों से हराया।
1978 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 18 अलिबाग थी। 2004 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2009 से सीट नंबर 18 पाचोरा है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
खालापुर का फ़ैसला सिर्फ़ 1.8% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 2,970 से भी कम वोटों का फ़ासला था।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
10 उम्मीदवारनाम पर टैप करें
| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | देवेन्द्र साटम शिवसेना-BJP युति (NDA गठबंधन) | शिवसेना-BJP युति (NDA गठबंधन) | 51,63231.9% |
| 2 | लाड सुरेश नारायण UPA | UPA | 48,66230.1% |
| 3 | संतोषशेठ मारुती भोईर PWPI | PWPI | 41,09325.4% |
| 4 | भोईर संतोष तुकाराम निर्दलीय | निर्दलीय | 6,6444.1% |
| 5 | काशिनाथ रूपवते | 4,0562.5% | |
| 6 | पाटिल राजेन्द्र हीराजी निर्दलीय | निर्दलीय | 2,8931.8% |
| 7 | जगन्नाथ परशुराम पाटिल निर्दलीय | निर्दलीय | 2,3731.5% |
| 8 | कदम चंद्रकांत हनुमंत LRP | LRP | 1,8841.2% |
| 9 | दिपक गणपत मोरे BBM | BBM | 1,4910.9% |
| 10 | गुप्ता राजेन्द्र रामलखन | 8780.5% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 87% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.84 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
खालापुर से कौन जीता, 1978–2004
SHS ने यह सीट NCP से छीन ली, जिसने इसे 1999 में जीता था; SHS ने यहाँ पिछली बार 1995 में जीत दर्ज की थी। 1978 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1999 के 52.0% से बढ़कर 69.4% हो गया।
- 1978पाटिल बालकृष्ण लिंबाजी (INC), जीत का अंतर 9.1%
- 1980सुर्वे तुकाराम एकनाथ (INC(I)), जीत का अंतर 13.2%
- 1985राऊत सुमंत राजाराम (PWP), जीत का अंतर 3.9%
- 1990सतनाम देवेन्द्र विठ्ठल (SHS), जीत का अंतर 9.5%
- 1995देवेन्द्र विठ्ठल साटम (SHS), जीत का अंतर 10.4%
- 1999लाड सुरेश नारायण (NCP), जीत का अंतर 4.5%
- 2004देवेन्द्र साटम (SHS), जीत का अंतर 1.8%