औसाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1999
माने दिनकर बाबुराव (SHS) ने 1999 के विधान सभा चुनाव में 37.5% वोट पाकर औसा सीट जीती और पटेल मो. मुजीबोदिन इस्माईल (INC) को 5,809 वोटों से हराया।
1978 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 210 सांगोला थी। 2004 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2009 से सीट नंबर 210 कोथरूड है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
5.3% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
9 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | माने दिनकर बाबुराव शिवसेना-BJP युति (NDA गठबंधन) | शिवसेना-BJP युति (NDA गठबंधन) | 41,05237.5% |
| 2 | पटेल मो. मुजीबोदिन इस्माईल | 35,24332.2% | |
| 3 | जाधव किसनराव संपतराव | 27,27924.9% | |
| 4 | अरब अस्लमबिन तलबसाहेब निर्दलीय | निर्दलीय | 3,6923.4% |
| 5 | जाधव अंकुश नामदेव निर्दलीय | निर्दलीय | 7530.7% |
| 6 | उगले वसंतराव विश्वनाथ निर्दलीय | निर्दलीय | 5690.5% |
| 7 | कोल्हाले शिवाजी निवृती निर्दलीय | निर्दलीय | 4190.4% |
| 8 | पवार सुरेश सोपानराव निर्दलीय | निर्दलीय | 2510.2% |
| 9 | सालुंके वेंकेट पांडू निर्दलीय | निर्दलीय | 900.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 95% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.24 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
औसा से कौन जीता, 1978–2004
SHS ने यह सीट INC से छीन ली, जिसने इसे 1995 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1978 से शुरू होता है, यह SHS की पहली जीत थी। यह 1980 के बाद यहाँ का सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1995 के 81.9% से घटकर 68.7% रह गया। इसके बाद 2004 के चुनाव में भी SHS ने यह सीट अपने पास रखी।
- 1978सोनवणे केशव राव सीताराम (INC), जीत का अंतर 1.5%
- 1980उटगे शिवशंकरप्पन विश्वनाथप्पा (INC(U)), जीत का अंतर 0.2%
- 1985जाधव किसनराव संपतराव (ICS), जीत का अंतर 18.8%
- 1990जाधव किशनराव संपतराव (INC), जीत का अंतर 30.5%
- 1995जाधव किशनराव संपतराव (INC), जीत का अंतर 22.6%
- 1999माने दिनकर बाबुराव (SHS), जीत का अंतर 5.3%
- 2004माने दिनकर बाबुराव (SHS), जीत का अंतर 15.9%