जावलीविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1995
सपकाल सदाशिव पांडुरंग (भाऊ) (SHS) ने 1995 के विधान सभा चुनाव में 40.5% वोट पाकर जावली सीट जीती और कदम गेनूजी गोविन्द (INC) को 4,900 वोटों से हराया।
1978 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 263 शाहूवाडी थी। 2004 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2009 से सीट नंबर 263 दापोली है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। सपकाल सदाशिव पांडुरंग (भाऊ) 3.9% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
17 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | सपकाल सदाशिव पांडुरंग (भाऊ) | 50,50040.5% | |
| 2 | कदम गेनूजी गोविन्द | 45,60036.6% | |
| 3 | पवार साहेबराव आबाजी निर्दलीय | निर्दलीय | 13,95511.2% |
| 4 | गुलाबराव वामन सनास निर्दलीय | निर्दलीय | 5,7364.6% |
| 5 | गायकवाड महिंद्र किसन निर्दलीय | निर्दलीय | 2,1601.7% |
| 6 | गव्हाले किसन राव आबा निर्दलीय | निर्दलीय | 1,3291.1% |
| 7 | एडवोकेट जगन्नाथ नुनेकर निर्दलीय | निर्दलीय | 9220.7% |
| 8 | सपकाल चंद्रकांत कृष्णाजी निर्दलीय | निर्दलीय | 7800.6% |
| 9 | मेसमान अयूब गुलाब निर्दलीय | निर्दलीय | 7440.6% |
| 10 | सालुंखे रघुनाथराव शंकरराव | 6230.5% | |
| 11 | एड. धनंजय रघुनाथ नागर निर्दलीय | निर्दलीय | 5350.4% |
| 12 | कटके परशुराम धोंडीराम निर्दलीय | निर्दलीय | 4910.4% |
| 13 | संपतराव शिंदे निर्दलीय | निर्दलीय | 3870.3% |
| 14 | महामुलकर जगन्नाथ खाशाबा निर्दलीय | निर्दलीय | 2730.2% |
| 15 | भोसले वसंत नामदेव निर्दलीय | निर्दलीय | 2590.2% |
| 16 | बागडे वनिता रामचंद्र निर्दलीय | निर्दलीय | 2290.2% |
| 17 | पवार जयप्पा गणपति निर्दलीय | निर्दलीय | 1460.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 88% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.19 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
जावली से कौन जीता, 1978–2004
SHS ने यह सीट INC से छीन ली, जिसने इसे 1990 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1978 से शुरू होता है, यह SHS की पहली जीत थी। मतदान प्रतिशत 1990 के 64.2% से बढ़कर 71.2% हो गया। इसके बाद 1999 के चुनाव में यह सीट NCP ने जीती।
- 1978बनिलारे भिकू दाजी (INC), जीत का अंतर 5.6%
- 1980कदम धोंडीराम भिकोबा (INC(U)), जीत का अंतर 1.7%
- 1985धोंडीराम भिकोबा कदम (INC), जीत का अंतर 23.6%
- 1990कदम गेनूजी गोविन्द (INC), जीत का अंतर 25.1%
- 1995सपकाल सदाशिव पांडुरंग (भाऊ) (SHS), जीत का अंतर 3.9%
- 1999शिंदे शशिकांत जयवंतराव (NCP), जीत का अंतर 10.5%
- 2004शिंदे शशिकांत जयवंतराव (NCP), जीत का अंतर 29.2%