शिवडीविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1972
ए. टी. उर्फ़ भाई भोसले (INC) ने 1972 के विधान सभा चुनाव में 51.3% वोट पाकर शिवडी सीट जीती और दत्ताजी सालवी (SHS) को 18,920 वोटों से हराया।
1967 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1962 में सीट नंबर 34 कल्याण थी। 1972 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1978 से सीट नंबर 34 माहिम है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — ए. टी. उर्फ़ भाई भोसले 27.2% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
4 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | ए. टी. उर्फ़ भाई भोसले कांग्रेस (आर) | कांग्रेस (आर) | 35,70551.3% |
| 2 | दत्ताजी सालवी | 16,78524.1% | |
| 3 | गणपत लक्ष्मण पाटिल वाम दल | वाम दल | 14,06220.2% |
| 4 | भागवत पगारे | 3,1184.5% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
INC, SHS और CPI को 96% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.75 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
शिवडी से कौन जीता, 1967–1972
INC ने यह सीट CPI से छीन ली, जिसने इसे 1967 में जीता था। मतदान प्रतिशत 1967 के 67.2% से बढ़कर 67.9% हो गया।
- 1967एस. जी. पाटकर (CPI), जीत का अंतर 14.1%
- 1972ए. टी. उर्फ़ भाई भोसले (INC), जीत का अंतर 27.2%