रान्नीविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1987
ईप्पन वर्गीस (KEC) ने 1987 के विधान सभा चुनाव में 41.5% वोट पाकर रान्नी सीट जीती और के. आई. इडिकुला मप्पिल्ला (CPM) को 1,203 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1970 में सीट नंबर 111 कोट्टारक्करा थी। 2006 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2011 से सीट नंबर 111 तिरुवल्ला है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
रान्नी का फ़ैसला सिर्फ़ 1.5% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 1,203 से भी कम वोटों का फ़ासला था।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
21 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | ईप्पन वर्गीस | 33,26541.5% | |
| 2 | के. आई. इडिकुला मप्पिल्ला लेफ्ट डेमोक्रेटिक फ्रंट | लेफ्ट डेमोक्रेटिक फ्रंट | 32,06240.0% |
| 3 | टी. के. रामकृष्णन | 8,47210.6% | |
| 4 | सी. वी. थॉमस निर्दलीय | निर्दलीय | 2,1932.7% |
| 5 | टी. एम. जोसेफ निर्दलीय | निर्दलीय | 1,2401.6% |
| 6 | एम. एम. थम्पी निर्दलीय | निर्दलीय | 8371.1% |
| 7 | ईप्पन निहान निर्दलीय | निर्दलीय | 4820.6% |
| 8 | अब्राहम मात्यु निर्दलीय | निर्दलीय | 4300.5% |
| 9 | जैकब सैमुअल निर्दलीय | निर्दलीय | 1720.2% |
| 10 | कोन्नियूर दामोदरन निर्दलीय | निर्दलीय | 1140.1% |
| 11 | मात्यु कुट्टी कुरियन निर्दलीय | निर्दलीय | 1060.1% |
| 12 | एम. पी. जॉन निर्दलीय | निर्दलीय | 1060.1% |
| 13 | पी. सी. थंकच्चन निर्दलीय | निर्दलीय | 1020.1% |
| 14 | साजी फिलिप निर्दलीय | निर्दलीय | 1020.1% |
| 15 | एबी थॉमस निर्दलीय | निर्दलीय | 1020.1% |
| 16 | टी. एस. चाको निर्दलीय | निर्दलीय | 740.1% |
| 17 | सी. के. थॉमस निर्दलीय | निर्दलीय | 560.1% |
| 18 | कोसी थॉमस निर्दलीय | निर्दलीय | 440.1% |
| 19 | अरियास्सेरी दामोदरन पिल्लई निर्दलीय | निर्दलीय | 440.1% |
| 20 | सी. टी. धनपालन निर्दलीय | निर्दलीय | 410.1% |
| 21 | फिलिपोस सैमुअल निर्दलीय | निर्दलीय | 180.0% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
KEC, CPM और BJP को 92% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.90 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2011 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2011 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
ऴ: तमिल और मलयालम की 'ழ' / 'ഴ' ध्वनि (ल और ड़ के बीच की है)
रान्नी से कौन जीता, 1977–2006
KEC ने यह सीट ICS से छीन ली, जिसने इसे 1982 में जीता था; KEC ने यहाँ पिछली बार 1977 में जीत दर्ज की थी। 1977 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1982 के 76.0% से बढ़कर 78.3% हो गया। इसके बाद 1991 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।
- 1977के.ए. मात्यु (KEC), जीत का अंतर 16.3%
- 1980एम. सी. चेरियन (INC(U)), जीत का अंतर 1.8%
- 1982सन्नी पनवेलिल (ICS), जीत का अंतर 14.6%
- 1987ईप्पन वर्गीस (KEC), जीत का अंतर 1.5%
- 1991एम.सी. चेरियन मूऴिक्कल (INC), जीत का अंतर 2.6%
- 1996राजू अब्राहम (CPM), जीत का अंतर 4.0%
- 2001राजू अब्राहम (CPM), जीत का अंतर 5.1%
- 2006राजू अब्राहम (CPM), जीत का अंतर 16.8%