मल्लेश्वरमविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1999
सीताराम श्री (INC) ने 1999 के विधान सभा चुनाव में 47.7% वोट पाकर मल्लेश्वरम सीट जीती और रघुपति एम. (JD(U)) को 18,035 वोटों से हराया।
2004 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2008 से सीट नंबर 76 हलियाल है।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — सीताराम श्री 21.6% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
10 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | सीताराम श्री | 39,86447.7% | |
| 2 | रघुपति एम. NDA | NDA | 21,82926.1% |
| 3 | नंजुंडप्पा बी. आर. | 15,82318.9% | |
| 4 | पुट्टस्वामी बी. जे. निर्दलीय | निर्दलीय | 1,9742.4% |
| 5 | आचार के. वी. निर्दलीय | निर्दलीय | 1,4921.8% |
| 6 | वेंकटेशराव बी.जे.पी. निर्दलीय | निर्दलीय | 7160.9% |
| 7 | डॉ. जयलक्ष्मी एच. जी. निर्दलीय | निर्दलीय | 6520.8% |
| 8 | डॉ. शामन्ना के. निर्दलीय | निर्दलीय | 5460.7% |
| 9 | विश्वेश्वेश्वरा शर्मा अय्यर एस. | 5310.6% | |
| 10 | अब्दुल अज़ीज़ निर्दलीय | निर्दलीय | 2190.3% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 93% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.01 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
मल्लेश्वरम से कौन जीता, 1978–2004
INC ने यह सीट JD से छीन ली, जिसने इसे 1994 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1978 से शुरू होता है, यह INC की पहली जीत थी। मतदान प्रतिशत 1994 के 59.6% से घटकर 47.5% रह गया। इसके बाद 2004 के चुनाव में भी INC ने यह सीट अपने पास रखी।