कर्नाटक 1999 के नक्शे पर वापस जाएँ
कर्नाटक · विधान सभा सीट नंबर 174

धारवाड़ ग्रामीणविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1999

अंबडगट्टी शिवानंद रुद्रप्पा (निर्दलीय) ने 1999 के विधान सभा चुनाव में 34.9% वोट पाकर धारवाड़ ग्रामीण सीट जीती और शिवानंद शिवगौड होलेहडगली (BJP) को 2,902 वोटों से हराया।

2004 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2008 से सीट नंबर 174 महादेवपुरा है।

विजेता

अंबडगट्टी शिवानंद रुद्रप्पा
IND
निर्दलीय 34.9%BJP 31.5%5 अन्य 33.6%
मिले वोट
30,375
मतों का 34.9%
जीत का अंतर
2,902
कुल वोटों का 3.3%
उम्मीदवार
7
मतदान प्रतिशत
65.8%
1,32,289 मतदाताओं में से

नज़दीकी मुक़ाबला। अंबडगट्टी शिवानंद रुद्रप्पा 3.3% के अंतर से जीते।

सीट का इतिहास

सभी उम्मीदवार

7 उम्मीदवार
#उम्मीदवारपार्टीमिले वोट · %
1
अंबडगट्टी शिवानंद रुद्रप्पा
निर्दलीय
निर्दलीय
30,37534.9%
2
शिवानंद शिवगौड होलेहडगली
NDA
NDA
27,47331.5%
3
लोहित डी. नायकर
22,32525.6%
4
परमेश्वर सिद्धलिंगप्पा दंडिन
5,2296.0%
5
नदाफ हुसैन साब दस्तगीरसाब
NDA
9671.1%
6
संगन गौउड़ा रमन गौडर
निर्दलीय
निर्दलीय
3970.5%
7
कासिम साब राजेसब घोडेसवार
निर्दलीय
निर्दलीय
3290.4%

परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।

नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।

सीट का इतिहास लोड हो रहा है…

यह सीट कितनी पक्की है?

इस सीट के आंकड़े
3.3%

जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में

कितने लोगों ने वोट डाला?

इस सीट के आंकड़े
66%

पंजीकृत मतदाताओं में से

कमज़्यादा

मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?

इस सीट के आंकड़े
कई दावेदारों वाला मुक़ाबला

सबसे आगे के तीन दलों को 92% वोट मिले।

मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.44

सदन में किसके पास कितनी सीटें?

इस सीट के आंकड़े
224 सीटें · बहुमत का आँकड़ा 113

वोट किस तरह बँटे?

इस सीट के आंकड़े
34.9%निर्दलीय की जीत
निर्दलीय 34.9%BJP 31.5%INC 25.6%JD(S) 6.0%अन्य 2.0%

यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।

राज्य के आँकड़े पूछें

RBI 2024-25

ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।

धारवाड़ ग्रामीण से कौन जीता, 1978–2004

एक निर्दलीय उम्मीदवार ने यह सीट INC से छीन ली, जिसने इसे 1994 में जीता था। 1978 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1994 के 68.9% से घटकर 65.8% रह गया। इसके बाद 2004 के चुनाव में यह सीट एक निर्दलीय उम्मीदवार ने जीती।

  1. 1978मदिमान सुमति भालचंद्र (INC(I)), जीत का अंतर 31.4%
  2. 1983पुडकलकट्टी चन्नबसप्पा विरूपाक्षप्पा (INC), जीत का अंतर 15.4%
  3. 1985देसाई अय्यप्पा बसवराज (JNP), जीत का अंतर 16.8%
  4. 1989पाटिल बाबागौड़ा रुद्रगौड़ा (KRS), जीत का अंतर 17.8%
  5. 1994अंबडगट्टी श्रीकांत रुद्रप्पा (INC), जीत का अंतर 3.9%
  6. 1999अंबडगट्टी शिवानंद रुद्रप्पा (IND), जीत का अंतर 3.3%
  7. 2004विनय कुलकर्णी (IND), जीत का अंतर 3.1%