गांधीनगरविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1989
आर. दयानंद राव (INC) ने 1989 के विधान सभा चुनाव में 53.8% वोट पाकर गांधीनगर सीट जीती और लीलादेवी आर. प्रसाद (JD) को 20,150 वोटों से हराया।
2004 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2008 से सीट नंबर 78 कुमटा है।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — आर. दयानंद राव 33.1% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
11 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | आर. दयानंद राव | 32,76753.8% | |
| 2 | लीलादेवी आर. प्रसाद राष्ट्रीय मोर्चा | राष्ट्रीय मोर्चा | 12,61720.7% |
| 3 | के. अन्नामलाई निर्दलीय | निर्दलीय | 7,83912.9% |
| 4 | एम. एस. नारायण राव JNP(JP) | JNP(JP) | 5,3358.8% |
| 5 | एस. नीलकंठप्पा | 1,4452.4% | |
| 6 | एस. मुनीर SRP | SRP | 2850.5% |
| 7 | सी. सिद्धराजू निर्दलीय | निर्दलीय | 2290.4% |
| 8 | जोसेफ निर्दलीय | निर्दलीय | 1180.2% |
| 9 | सचिव श्रीधर एन. के. निर्दलीय | निर्दलीय | 1010.2% |
| 10 | एस. विश्वेश्वरैया निर्दलीय | निर्दलीय | 870.1% |
| 11 | कृष्णकुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 740.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
INC, JD और एक निर्दलीय को 87% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.80 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
गांधीनगर से कौन जीता, 1978–2004
INC ने यह सीट JNP से छीन ली, जिसने इसे 1985 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1978 से शुरू होता है, यह INC की पहली जीत थी। 1978 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे एकतरफ़ा नतीजा था। मतदान प्रतिशत लगभग 1985 जितना ही रहा: 56.2%। इसके बाद 1994 के चुनाव में यह सीट ADMK ने जीती।
- 1978के. लक्ष्मण (INC(I)), जीत का अंतर 6.4%
- 1983एम. एस. नारायण राव (JNP), जीत का अंतर 17.4%
- 1985एम. एस. नारायण राव (JNP), जीत का अंतर 7.5%
- 1989आर. दयानंद राव (INC), जीत का अंतर 33.1%
- 1994बी. मुनियप्पा (ADMK), जीत का अंतर 4.3%
- 1999दिनेश गुंडूराव (INC), जीत का अंतर 1.8%
- 2004दिनेश गुंडूराव (INC), जीत का अंतर 46.2%