केरगोडुविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1989
एन. थम्मन्ना (INC) ने 1989 के विधान सभा चुनाव में 40.3% वोट पाकर केरगोडु सीट जीती और जी. बी. शिवकुमार (JNP(JP)) को 7,941 वोटों से हराया।
2004 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2008 से सीट नंबर 106 दावणगेरे उत्तर है।
विजेता
10.5% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
6 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | एन. थम्मन्ना | 30,57540.3% | |
| 2 | जी. बी. शिवकुमार JNP(JP) | JNP(JP) | 22,63429.8% |
| 3 | मारिलिंगेगौडा KRS | KRS | 15,49320.4% |
| 4 | के. एस. सच्चिदानंद राष्ट्रीय मोर्चा | राष्ट्रीय मोर्चा | 6,3928.4% |
| 5 | रेवणंजुंडस्वामी निर्दलीय | निर्दलीय | 5580.7% |
| 6 | सी. बोरय्या निर्दलीय | निर्दलीय | 1890.3% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 91% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.33 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
केरगोडु से कौन जीता, 1978–2004
INC ने यहाँ लगातार तीसरी बार जीत दर्ज की; जीत का यह सिलसिला 1983 में शुरू हुआ था। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 52.1% से घटकर 40.3% रह गया। मतदान प्रतिशत 1985 के 78.6% से घटकर 73.4% रह गया। इसके बाद 1994 के चुनाव में यह सीट JD ने जीती।