डोरूविधान सभा चुनाव का परिणाम, 2014
सैयद फारूक अहमद अंद्राबी (JKPDP) ने 2014 के विधान सभा चुनाव में 37.6% वोट पाकर डोरू सीट जीती और गुलाम अहमद मीर (INC) को 161 वोटों से हराया।
1996 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1987 में सीट नंबर 42 डूरू थी। 2014 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2024 से सीट नंबर 42 कोकरनाग है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
डोरू का फ़ैसला सिर्फ़ 0.3% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 161 से भी कम वोटों का फ़ासला था।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
10 उम्मीदवार + नोटा| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | सैयद फारूक अहमद अंद्राबी | 18,15037.6% | |
| 2 | गुलाम अहमद मीर UPA | UPA | 17,98937.2% |
| 3 | फारूक अहमद गनई UPA | UPA | 8,25117.1% |
| 4 | गुल मोहम्मद मीर NDA | NDA | 1,0302.1% |
| — | नोटा नोटा | नोटा | 9972.1% |
| 5 | सैयद शारीक हुसैन निर्दलीय | निर्दलीय | 7341.5% |
| 6 | सुहैल मलिक JPC | JPC | 5001.0% |
| 7 | सैयद रशीद अहमद निर्दलीय | निर्दलीय | 3290.7% |
| 8 | फारूक अहमद गशरू HJP | HJP | 1640.3% |
| 9 | मोहम्मद यूसुफ गनई | 860.2% | |
| 10 | अब्दुल आहाद मीर IPCP | IPCP | 730.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 92% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.22 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
नोटा को कितने वोट मिले?
वोट नोटा (“इनमें से कोई नहीं”) को मिले
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2024 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2024 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
डोरू से कौन जीता, 1996–2014
JKPDP ने यह सीट INC से छीन ली, जिसने इसे 2008 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1996 से शुरू होता है, यह JKPDP की पहली जीत थी। 1996 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 2008 के 69.8% से घटकर 65.0% रह गया।