हसनगढ़विधान सभा चुनाव का परिणाम, 1991
बलवंत सिंह (JP) ने 1991 के विधान सभा चुनाव में 49.1% वोट पाकर हसनगढ़ सीट जीती और वीरेन्द्र कुमार (INC) को 4,829 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 28 जीन्द थी। 2005 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2009 से सीट नंबर 28 गन्नौर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
8.5% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
19 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | बलवंत सिंह JP | JP | 27,92949.1% |
| 2 | वीरेन्द्र कुमार | 23,10040.6% | |
| 3 | संत कुमार HVP | HVP | 3,3465.9% |
| 4 | श्री भगवान निर्दलीय | निर्दलीय | 1,0281.8% |
| 5 | रवि चन्द सिंधु | 4810.8% | |
| 6 | नरेन्द्र सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1740.3% |
| 7 | प्रवीन निर्दलीय | निर्दलीय | 1700.3% |
| 8 | पुरुषोत्तम निर्दलीय | निर्दलीय | 1440.3% |
| 9 | प्रेम निर्दलीय | निर्दलीय | 1130.2% |
| 10 | सत्यदेव निर्दलीय | निर्दलीय | 750.1% |
| 11 | नरेश कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 620.1% |
| 12 | सुरेन्द्र सिंह RKD | RKD | 600.1% |
| 13 | बसंती देवी निर्दलीय | निर्दलीय | 480.1% |
| 14 | महेन्द्र सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 450.1% |
| 15 | मेहर सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 340.1% |
| 16 | कर्मबीर निर्दलीय | निर्दलीय | 330.1% |
| 17 | हवा सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 300.1% |
| 18 | जसबीर निर्दलीय | निर्दलीय | 230.0% |
| 19 | होशियारा निर्दलीय | निर्दलीय | 140.0% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
JP, INC और HVP को 96% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.44 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
हसनगढ़ से कौन जीता, 1977–2005
JP ने यह सीट LKD से छीन ली, जिसने इसे 1987 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1977 से शुरू होता है, यह JP की पहली जीत थी। 1977 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1987 के 65.2% से घटकर 60.4% रह गया। इसके बाद 1996 के चुनाव में यह सीट SLAP ने जीती।