पुण्डरीविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1991
ईश्वर पुत्र सिंद राम (INC) ने 1991 के विधान सभा चुनाव में 33.2% वोट पाकर पुण्डरी सीट जीती और माखन सिंह (JP) को 8,184 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 26 कलायत थी। 2005 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2009 से सीट नंबर 26 इसराना है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
12.0% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
29 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | ईश्वर पुत्र सिंद राम | 22,66033.2% | |
| 2 | माखन सिंह JP | JP | 14,47621.2% |
| 3 | अमर सिंह पुत्र राम किशन निर्दलीय | निर्दलीय | 11,69617.1% |
| 4 | मितर सैन | 7,63811.2% | |
| 5 | मुख्तियार सिंह जनता दल | जनता दल | 7,63711.2% |
| 6 | बाबू राम निर्दलीय | निर्दलीय | 1,3342.0% |
| 7 | राज कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 1,0701.6% |
| 8 | विष्णु दत्त निर्दलीय | निर्दलीय | 2200.3% |
| 9 | अमर सिंह पुत्र बख्शी निर्दलीय | निर्दलीय | 1700.3% |
| 10 | पूरन चन्द निर्दलीय | निर्दलीय | 1640.2% |
| 11 | जोगा सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1530.2% |
| 12 | रघुबीर पुत्र सिंधा निर्दलीय | निर्दलीय | 1020.1% |
| 13 | रोशन लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 920.1% |
| 14 | ईश्वर पुत्र करता निर्दलीय | निर्दलीय | 860.1% |
| 15 | दीदार सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 860.1% |
| 16 | फक्कीर चन्द निर्दलीय | निर्दलीय | 750.1% |
| 17 | सुरेश निर्दलीय | निर्दलीय | 600.1% |
| 18 | रणधीर सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 550.1% |
| 19 | बलबीर सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 540.1% |
| 20 | अनिष्ट निर्दलीय | निर्दलीय | 520.1% |
| 21 | जगदीश निर्दलीय | निर्दलीय | 500.1% |
| 22 | सूरज पाल निर्दलीय | निर्दलीय | 490.1% |
| 23 | कृष्ण लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 440.1% |
| 24 | सत पाल निर्दलीय | निर्दलीय | 430.1% |
| 25 | देवी दयाल निर्दलीय | निर्दलीय | 420.1% |
| 26 | रणबीर पुत्र ज्ञान सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 300.0% |
| 27 | ज्ञान सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 290.0% |
| 28 | जवाहर लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 250.0% |
| 29 | मोहन लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 140.0% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 72% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 4.75 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
पुण्डरी से कौन जीता, 1977–2005
INC ने यह सीट LKD से छीन ली, जिसने इसे 1987 में जीता था; INC ने यहाँ पिछली बार 1982 में जीत दर्ज की थी। मतदान प्रतिशत 1987 के 73.5% से घटकर 71.1% रह गया। इसके बाद 1996 के चुनाव में यह सीट एक निर्दलीय उम्मीदवार ने जीती।