तालालाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 2002
परमार गोविंदभाई वरजांगभाई (BJP) ने 2002 के विधान सभा चुनाव में 46.7% वोट पाकर तालाला सीट जीती और बारड जशुभाई धनाभाई (INC) को 626 वोटों से हराया।
1975 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 37 विसावदर थी। 2007 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2012 से सीट नंबर 37 माणसा है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
तालाला का फ़ैसला सिर्फ़ 0.5% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 626 से भी कम वोटों का फ़ासला था।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
7 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | परमार गोविंदभाई वरजांगभाई NDA | NDA | 57,18246.7% |
| 2 | बारड जशुभाई धनाभाई | 56,55646.2% | |
| 3 | सैयद आबेद हु सिदीमियां निर्दलीय | निर्दलीय | 3,8493.1% |
| 4 | लोधवी दला सोमा निर्दलीय | निर्दलीय | 1,9291.6% |
| 5 | रामभाई गीगाभाई वाजा | 1,9241.6% | |
| 6 | डाकी जयसुख जादवभाई निर्दलीय | निर्दलीय | 4690.4% |
| 7 | गोहेल करसनभाई देवदासभाई निर्दलीय | निर्दलीय | 4240.3% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
BJP, INC और एक निर्दलीय को 96% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.31 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
तालाला से कौन जीता, 1975–2007
BJP ने यह सीट INC से छीन ली, जिसने इसे 1998 में जीता था; BJP ने यहाँ पिछली बार 1995 में जीत दर्ज की थी। 1975 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1998 के 70.1% से बढ़कर 74.6% हो गया। इसके बाद 2007 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।
- 1975मोरी कानजीभाई कशाराभाई (INC), जीत का अंतर 7.0%
- 1980झाला कालाभाई रणमलभाई (INC(I)), जीत का अंतर 12.9%
- 1985झाला आरसीभाई पुंजा (JNP), जीत का अंतर 8.4%
- 1990जोरा जेठालाल रानाबाई (INC), जीत का अंतर 7.3%
- 1995बारड जेसाभाई भानाभाई (BJP), जीत का अंतर 5.8%
- 1998बारड जशुभाई धनाभाई (INC), जीत का अंतर 19.2%
- 2002परमार गोविंदभाई वरजांगभाई (BJP), जीत का अंतर 0.5%
- 2007बारड भगवानभाई धनाभाई (INC), जीत का अंतर 4.4%