सरखेजविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1998
शाह अमित अनिलचंद्र (अमित शाह) (BJP) ने 1998 के विधान सभा चुनाव में 69.8% वोट पाकर सरखेज सीट जीती और पटेल प्रमुखभाई कनुभाई (INC) को 1,32,477 वोटों से हराया।
1975 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 64 जमालपुर थी। 2007 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2012 से सीट नंबर 64 ध्रांगध्रा है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — शाह अमित अनिलचंद्र (अमित शाह) 47.8% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
9 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | शाह अमित अनिलचंद्र (अमित शाह) NDA | NDA | 1,93,37369.8% |
| 2 | पटेल प्रमुखभाई कनुभाई | 60,89622.0% | |
| 3 | पटेल दीप्तिबेन विजयकुमार AIRJP | AIRJP | 19,2376.9% |
| 4 | यादव मणीलाल सीताराम | 1,1330.4% | |
| 5 | भरवाड गोपालभाई मालाभाई निर्दलीय | निर्दलीय | 5960.2% |
| 6 | पांचाल रूपेशभाई नानुभाई निर्दलीय | निर्दलीय | 5480.2% |
| 7 | शेख रोशनबेन मुहम्मद रमजान निर्दलीय | निर्दलीय | 5230.2% |
| 8 | रामाजी नागरजी ठाकोर निर्दलीय | निर्दलीय | 3980.1% |
| 9 | ब्रह्मभट्ट संजय अमरकुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 3120.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, असल में दो दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
BJP और INC को 92% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 1.85 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
सरखेज से कौन जीता, 1975–2007
BJP ने यहाँ लगातार तीसरी बार जीत दर्ज की; जीत का यह सिलसिला 1990 में शुरू हुआ था। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 61.8% से बढ़कर 69.8% हो गया। 1975 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे एकतरफ़ा नतीजा था। मतदान प्रतिशत 1995 के 47.3% से घटकर 45.5% रह गया। इसके बाद 2002 के चुनाव में भी BJP ने यह सीट अपने पास रखी।
- 1975चौहान भवनसिंग खोड़ाजी (BJS), जीत का अंतर 36.6%
- 1980हरिशंकर पंडया (INC(I)), जीत का अंतर 15.2%
- 1985नलिन के. पटेल (INC), जीत का अंतर 32.7%
- 1990पटेल हरिश्चंद्र लवजीभाई (BJP), जीत का अंतर 14.3%
- 1995पटेल हरिश्चंद्र लवजीभाई (BJP), जीत का अंतर 40.5%
- 1998शाह अमित अनिलचंद्र (अमित शाह) (BJP), जीत का अंतर 47.8%
- 2002अमितभाई अनिलचंद्र शाह (अमित शाह) (BJP), जीत का अंतर 36.7%
- 2007अमित शाह (BJP), जीत का अंतर 39.3%