सारसाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1995
परमार गोविंदभाई रइजीभाई (निर्दलीय) ने 1995 के विधान सभा चुनाव में 41.4% वोट पाकर सारसा सीट जीती और पटेल जयंतभाई रमणभाई (बोस्की) (INC) को 9,071 वोटों से हराया।
1975 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 134 सावली थी। 2007 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2012 से सीट नंबर 134 देवगढ़ बारिया है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
9.5% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
9 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | परमार गोविंदभाई रइजीभाई निर्दलीय | निर्दलीय | 39,53741.4% |
| 2 | पटेल जयंतभाई रमणभाई (बोस्की) | 30,46631.9% | |
| 3 | पटेल घनश्यामभाई गोविंदभाई | 18,50919.4% | |
| 4 | गोविंदभाई जे. पटेल निर्दलीय | निर्दलीय | 3,2713.4% |
| 5 | धोबी नटवरलाल छोटालाल निर्दलीय | निर्दलीय | 1,3351.4% |
| 6 | पटेल शांतिलाल छोटाभाई निर्दलीय | निर्दलीय | 1,3171.4% |
| 7 | वहोरा इलियासभाई इस्माइलभाई | 6220.7% | |
| 8 | चंद्रकांत भाई भाईलाल भाई पटेल निर्दलीय | निर्दलीय | 3580.4% |
| 9 | वाघेला अरविंदभाई मुशाभाई निर्दलीय | निर्दलीय | 1880.2% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 93% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.21 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
सारसा से कौन जीता, 1975–2007
एक निर्दलीय उम्मीदवार ने यह सीट INC से छीन ली, जिसने इसे 1990 में जीता था। 1975 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1990 के 58.6% से बढ़कर 76.6% हो गया। इसके बाद 1998 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।
- 1975गोविंदभाई जेसंगभाई पटेल (INC), जीत का अंतर 21.8%
- 1980गोविंदभाई जे. पटेल (INC(I)), जीत का अंतर 53.9%
- 1985पटेल गोविंदभाई जेसंगभाई (INC), जीत का अंतर 64.8%
- 1990पटेल जयंतभाई रमणभाई (INC), जीत का अंतर 12.3%
- 1995परमार गोविंदभाई रइजीभाई (IND), जीत का अंतर 9.5%
- 1998परमार गोविंदभाई रइजीभाई (INC), जीत का अंतर 9.5%
- 2002सोलंकी जसवंतसिंहजी अमरसिंहजी (जसुभा) (BJP), जीत का अंतर 1.4%
- 2007जयंतभाई रमणभाई पटेल (बोस्की) (NCP), जीत का अंतर 11.7%