राजगढ़विधान सभा चुनाव का परिणाम, 1995
वारिया भाईलाल भाई हीराभाई (BJP) ने 1995 के विधान सभा चुनाव में 55.3% वोट पाकर राजगढ़ सीट जीती और वकील लक्ष्मणसिंह परमार (INC) को 18,208 वोटों से हराया।
1975 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 117 महुधा थी। 2007 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2012 से सीट नंबर 117 महेमदावाद है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — वारिया भाईलाल भाई हीराभाई 21.0% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
7 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | वारिया भाईलाल भाई हीराभाई | 47,93755.3% | |
| 2 | वकील लक्ष्मणसिंह परमार | 29,72934.3% | |
| 3 | परमार अजबसिंह भूपतसिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 2,9193.4% |
| 4 | जायसवाल अरविंदकुमार भाईलाल निर्दलीय | निर्दलीय | 2,2652.6% |
| 5 | चौहान धुलाभाई सोमजीभाई | 1,9762.3% | |
| 6 | पटेलिया नरवतभाई महासुखभाई निर्दलीय | निर्दलीय | 1,0981.3% |
| 7 | बारीआ कनुभाई छगनभाई निर्दलीय | निर्दलीय | 8120.9% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
BJP, INC और एक निर्दलीय को 93% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.35 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
राजगढ़ से कौन जीता, 1975–2007
BJP ने यह सीट INC से छीन ली, जिसने इसे 1990 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1975 से शुरू होता है, यह BJP की पहली जीत थी। 1975 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे एकतरफ़ा नतीजा था। मतदान प्रतिशत 1990 के 46.1% से बढ़कर 68.3% हो गया। इसके बाद 1998 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।
- 1975पटेल शांतिलाल परसोतमभाई (NCO), जीत का अंतर 5.9%
- 1980पटेल शांतिलाल परसोत्तमभाई (JNP(JP)), जीत का अंतर 6.4%
- 1985पटेल शांतिलाल परशोतमभाई (JNP), जीत का अंतर 13.7%
- 1990वकील परमार लक्ष्मणसिंह मोतीसिंह (INC), जीत का अंतर 2.5%
- 1995वारिया भाईलाल भाई हीराभाई (BJP), जीत का अंतर 21.0%
- 1998वकील परमार लक्ष्मणसिंह मोतीसिंह (INC), जीत का अंतर 19.2%
- 2002चौहान फतेसिंह वखतसिंह (BJP), जीत का अंतर 55.3%
- 2007चौहान फतेसिंह वखतसिंह (BJP), जीत का अंतर 25.2%