वांसदाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1972
रतनभाई जी. गावित (INC) ने 1972 के विधान सभा चुनाव में 59.0% वोट पाकर वांसदा सीट जीती और माधुभाई जे. पटेल (NCO) को 10,119 वोटों से हराया।
1967 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1962 में कोई सीट नंबर 163 नहीं थी। 1972 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1975 से सीट नंबर 163 सोनगढ़ है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — रतनभाई जी. गावित 35.1% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
5 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | रतनभाई जी. गावित कांग्रेस (आर) | कांग्रेस (आर) | 16,99659.0% |
| 2 | माधुभाई जे. पटेल | 6,87723.9% | |
| 3 | छोटुभाई कालाभाई पटेल महागठबंधन | महागठबंधन | 1,9246.7% |
| 4 | एल. चिभाडियाभाई गगोडा महागठबंधन | महागठबंधन | 1,6405.7% |
| 5 | उकाभाई माधुभाई पटेल निर्दलीय | निर्दलीय | 1,3804.8% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
INC, NCO और SWA को 90% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.41 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
वांसदा से कौन जीता, 1967–1972
INC ने यह सीट PSP से छीन ली, जिसने इसे 1967 में जीता था। मतदान प्रतिशत 1967 के 51.2% से घटकर 46.1% रह गया।
- 1967आर. जी. गामीत (PSP), जीत का अंतर 1.5%
- 1972रतनभाई जी. गावित (INC), जीत का अंतर 35.1%