हरि नगरविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1993
हरसरन सिंह बल्लि (BJP) ने 1993 के विधान सभा चुनाव में 59.4% वोट पाकर हरि नगर सीट जीती और ओंकार सिंह थापर (INC) को 16,899 वोटों से हराया।
1993 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1983 में सीट नंबर 13 हौज खास थी। 2003 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2008 से सीट नंबर 13 रोहिणी है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — हरसरन सिंह बल्लि 32.2% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
30 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | हरसरन सिंह बल्लि | 31,15059.4% | |
| 2 | ओंकार सिंह थापर | 14,25127.1% | |
| 3 | गुरचरन सिंह बन्नर जनता दल | जनता दल | 2,6975.1% |
| 4 | गुरुदयाल | 9971.9% | |
| 5 | जय देव वशिष्ठ ICS | ICS | 7781.5% |
| 6 | सतीश कुमार मुर्रिया | 7221.4% | |
| 7 | जयन टी. जोर्ज निर्दलीय | निर्दलीय | 4790.9% |
| 8 | हेमत कुमार भारद्वान निर्दलीय | निर्दलीय | 3280.6% |
| 9 | ओम प्रकाश बराड़िया निर्दलीय | निर्दलीय | 2130.4% |
| 10 | शिव कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 1560.3% |
| 11 | कंवलजीत सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 890.2% |
| 12 | हरजीत सिंह रोमी निर्दलीय | निर्दलीय | 790.1% |
| 13 | दीपक सभरवाल निर्दलीय | निर्दलीय | 660.1% |
| 14 | डी.सी. बराड़िया निर्दलीय | निर्दलीय | 600.1% |
| 15 | राज पाल | 570.1% | |
| 16 | ओम नारायण सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 550.1% |
| 17 | इकबाल सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 510.1% |
| 18 | मंजीत सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 500.1% |
| 19 | सुनीता शर्मा निर्दलीय | निर्दलीय | 440.1% |
| 20 | अवतार सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 310.1% |
| 21 | शुभ चिंतक कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 230.0% |
| 22 | अंजना कोहली निर्दलीय | निर्दलीय | 190.0% |
| 23 | जसबीर सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 150.0% |
| 24 | चन्द्र प्रकाश निर्दलीय | निर्दलीय | 140.0% |
| 25 | प्रदीप सहनी निर्दलीय | निर्दलीय | 120.0% |
| 26 | डी.एल. भाटिया निर्दलीय | निर्दलीय | 110.0% |
| 27 | के.एस. वालिया निर्दलीय | निर्दलीय | 100.0% |
| 28 | बलबीर सिंह बीर निर्दलीय | निर्दलीय | 90.0% |
| 29 | एस.एन. प्रेमी निर्दलीय | निर्दलीय | 90.0% |
| 30 | सुदर्शन खुराना निर्दलीय | निर्दलीय | 70.0% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
BJP, INC और JD को 92% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.33 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
हरि नगर से कौन जीता, 1993–2003
इसके बाद 1998 के चुनाव में भी BJP ने यह सीट अपने पास रखी।