बरारीविधान सभा चुनाव का परिणाम, फ़रवरी 2005
मुहम्मद शकूर (NCP) ने फ़रवरी 2005 के विधान सभा चुनाव में 17.9% वोट पाकर बरारी सीट जीती और विभाष चन्द चौधरी (BJP) को 472 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 141 बरहेट थी। 2005 में, झारखंड के अलग राज्य बनने के बाद, जब सीटों के नंबर बदले गए, तब भी इसका नंबर वही रहा। 2005 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2010 से सीट नंबर 141 चेरिया बरियारपुर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
बरारी का फ़ैसला सिर्फ़ 0.5% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 472 से भी कम वोटों का फ़ासला था।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
28 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | मुहम्मद शकूर | 18,54217.9% | |
| 2 | विभाष चन्द चौधरी NDA | NDA | 18,07017.5% |
| 3 | मंसूर आलम | 17,31116.7% | |
| 4 | संयोगिता सिंह | 13,88713.4% | |
| 5 | दिना यादव | 5,5075.3% | |
| 6 | शिव पूजन पासवान निर्दलीय | निर्दलीय | 4,0083.9% |
| 7 | कल्याण मित्र निर्दलीय | निर्दलीय | 2,8132.7% |
| 8 | अब्दुल हमीद | 2,5552.5% | |
| 9 | विमल कुमार मंडल CPI(ML)(L) | CPI(ML)(L) | 2,2592.2% |
| 10 | सुबोध व्यास निर्दलीय | निर्दलीय | 2,2142.1% |
| 11 | सितारा परवीन | 1,6351.6% | |
| 12 | चन्द्र शेखर यादव निर्दलीय | निर्दलीय | 1,5261.5% |
| 13 | पभात कुमार SJP(R) | SJP(R) | 1,3351.3% |
| 14 | शम्भू महलदार JDP | JDP | 1,3341.3% |
| 15 | नीरज कुमार कश्यप निर्दलीय | निर्दलीय | 1,2161.2% |
| 16 | तनवीर निर्दलीय | निर्दलीय | 1,1031.1% |
| 17 | सूर्य नारायण सिंह FCI | FCI | 1,0351.0% |
| 18 | कैलाश पोद्दार निर्दलीय | निर्दलीय | 9730.9% |
| 19 | प्रेमनाथ जायसवाल | 9390.9% | |
| 20 | प्रकाश गुप्ता | 7680.7% | |
| 21 | अरविन्द कुमार सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 7480.7% |
| 22 | परशुराम पासवान निर्दलीय | निर्दलीय | 7320.7% |
| 23 | संजय सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 5960.6% |
| 24 | शमशाद निर्दलीय | निर्दलीय | 5620.5% |
| 25 | मोहम्मद इसराईल AD | AD | 5160.5% |
| 26 | सविरुरहमान खान निर्दलीय | निर्दलीय | 4790.5% |
| 27 | राजेश्वर चौधरी निर्दलीय | निर्दलीय | 3730.4% |
| 28 | यमुना प्रसाद यादव निर्दलीय | निर्दलीय | 3590.3% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को सिर्फ़ 52% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 8.55 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2010 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2010 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
बरारी से कौन जीता, 1977–2005
NCP ने यह सीट RJD से छीन ली, जिसने इसे 2000 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1977 से शुरू होता है, यह NCP की पहली जीत थी। 1977 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 2000 के 64.2% से घटकर 57.8% रह गया। इसके बाद 2005 (अक्टूबर) के चुनाव में यह सीट BJP ने जीती।
- 1977बासुदेव प्रसाद सिंह (JNP), जीत का अंतर 12.6%
- 1980करुणेश्वर सिंह (INC(I)), जीत का अंतर 9.8%
- 1985मंसूर आलम (LKD), जीत का अंतर 4.5%
- 1990प्रेम नाथ जायसवाल (IND), जीत का अंतर 7.9%
- 1995मंसूर आलम (JD), जीत का अंतर 26.2%
- 2000मंसूर आलम (RJD), जीत का अंतर 20.8%
- 2005 (फ़रवरी)मुहम्मद शकूर (NCP), जीत का अंतर 0.5%
- 2005 (अक्टूबर)बिभाष चन्द्र चौधरी (BJP), जीत का अंतर 3.0%