नवादाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 2000
राजबल्लभ प्रसाद (RJD) ने 2000 के विधान सभा चुनाव में 57.5% वोट पाकर नवादा सीट जीती और शत्रुघन प्रसाद सिंह (निर्दलीय) को 51,402 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 257 गोबिन्दपुर थी। झारखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2005 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2005 से कोई सीट नंबर 257 नहीं है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — राजबल्लभ प्रसाद 27.7% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
15 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | राजबल्लभ प्रसाद | 1,06,61457.5% | |
| 2 | शत्रुघन प्रसाद सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 55,21229.8% |
| 3 | मसीह उद्दीन | 8,0654.3% | |
| 4 | बच्चू शाओ | 7,0753.8% | |
| 5 | नवीन केसरी NDA | NDA | 5,4893.0% |
| 6 | अली अंसारी | 1,2630.7% | |
| 7 | इक्वा हैदर खान | 6360.3% | |
| 8 | राम रतन सिंह | 3400.2% | |
| 9 | संजय कुमार AJBP | AJBP | 1760.1% |
| 10 | मोहन साव निर्दलीय | निर्दलीय | 1760.1% |
| 11 | शिव कुमार सिन्हा | 1400.1% | |
| 12 | योगेन्द्र यादव निर्दलीय | निर्दलीय | 640.0% |
| 13 | बिसुंदेव यादव निर्दलीय | निर्दलीय | 560.0% |
| 14 | नीलोत्पल कान्त पाण्डेय निर्दलीय | निर्दलीय | 490.0% |
| 15 | चन्द्रिका यादव निर्दलीय | निर्दलीय | 390.0% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
RJD, एक निर्दलीय और SAP को 92% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.36 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
नवादा से कौन जीता, 1977–2000
RJD ने यह सीट एक निर्दलीय उम्मीदवार से छीन ली, जिसने इसे 1995 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1977 से शुरू होता है, यह RJD की पहली जीत थी। यह 1977 के बाद यहाँ का सबसे एकतरफ़ा नतीजा था। मतदान प्रतिशत 1995 के 58.0% से बढ़कर 76.2% हो गया।